नयी दिल्ली, एक जनवरी (भाषा) कृषि आयुक्त पी. के. सिंह ने बृहस्पतिवार को कहा कि देश में मौजूदा रबी सत्र के लिए गेहूं की बुवाई लगभग पूरी हो चुकी है और फसल की स्थिति बेहतर नजर आ रही है।
सिंह ने बताया कि चालू वर्ष 2025-26 की रबी (शीतकालीन) मौसम में 29 दिसंबर तक 3.23 करोड़ हेक्टेयर में गेहूं की बुवाई की गई, जबकि पिछले वर्ष यह कुल 3.28 करोड़ हेक्टेयर क्षेत्र में हुई थी।
कृषि आयुक्त ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘ बिहार के कुछ हिस्सों के अलावा देशभर में गेहूं की बुवाई पूरी हो चुकी है। कुल रकबा पिछले साल के स्तर तक पहुंच सकता है।’’
उन्होंने बताया कि बोए गए 73 प्रतिशत से अधिक क्षेत्र में जलवायु-प्रतिरोधी और जैव-संरक्षित बीज की बुवाई की गई है जो मौसम की किसी भी गड़बड़ी का सामना करने में सहायक होंगी।
अधिकारी ने कहा, ‘‘ समय पर और जल्दी बुवाई के कारण गेहूं की फसल की संभावनाएं उज्ज्वल हैं और वर्तमान में यह उत्कृष्ट स्थिति में है। गेहूं उगाने वाले क्षेत्रों से कोई समस्या नहीं मिली है।’’
उन्होंने बताया कि दलहन व तिलहन की बुवाई पूरी हो चुकी है और दक्षिण भारत में धान की बुवाई जनवरी के अंत तक जारी रहेगी।
सिंह ने कहा कि चने और सरसों की खेती का रकबा बढ़ा है और अधिकारियों को रबी मौसम में अच्छी फसल की उम्मीद है।
रबी फसलों की बुवाई अक्टूबर में शुरू होती है और कटाई मार्च से शुरू हो जाती है।
गेहूं की अच्छी फसल से सरकारी कल्याणकारी कार्यक्रमों के लिए पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित होगी और कीमतों को नियंत्रण में रखने में मदद मिलेगी। दालों और तिलहनों की अच्छी पैदावार से आयात पर दबाव कम होगा।
भाषा निहारिका रमण
रमण