Bijapur Naxal News: छत्तीसगढ़ में एक और बड़ा नक्सली सरेंडर, 93 हथियारों के साथ 25 माओवादियों ने डाले हथियार, इतने करोड़ का सोना और नकद बरामद

छत्तीसगढ़ में एक और बड़ा नक्सली सरेंडर, 93 हथियारों के साथ 25 माओवादियों ने डाले हथियार, Bijapur Naxal Surrender News

Bijapur Naxal News: छत्तीसगढ़ में एक और बड़ा नक्सली सरेंडर, 93 हथियारों के साथ 25 माओवादियों ने डाले हथियार, इतने करोड़ का सोना और नकद बरामद

Bijapur Naxal News. Image Source- ibc24

Modified Date: March 31, 2026 / 08:55 pm IST
Published Date: March 31, 2026 8:55 pm IST

बीजापुरः Bijapur Naxal News: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। “पूना मारगेम–पुनर्वास से पुनर्जीवन” पहल के अंतर्गत दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी (DKSZC) से जुड़े 25 माओवादी कैडरों ने हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में वापसी की है। सरेंडर करने वालों में 12 महिला माओवादी भी शामिल हैं। इन सभी कैडरों पर कुल 1.47 करोड़ रुपये का इनाम घोषित था। आत्मसमर्पण करने वालों में संगठन के कई वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हैं, जिनमें प्रमुख रूप से मंगल कोरसा उर्फ मोटू (CyPC), आकाश उर्फ फागु उईका (CyPC), शंकर मुचाकी (DVCM), राजू रैयाम उर्फ मुन्ना (ACM) और पाले कुरसम उर्फ कमली कुरसम (ACM) शामिल हैं। इन सभी ने संगठन की विचारधारा को त्यागकर मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया।

14.06 करोड़ की ऐतिहासिक बरामदगी

Bijapur Naxal News: कार्रवाई के दौरान माओवादी इतिहास की सबसे बड़ी रिकवरी सामने आई है। कुल 14.06 करोड़ रुपये की संपत्ति बरामद की गई, जिसमें 2.90 करोड़ रुपये नकद और करीब 11.16 करोड़ रुपये मूल्य का 7.20 किलोग्राम सोना शामिल है। इससे पहले भी जिले में 5.37 करोड़ रुपये की बरामदगी हो चुकी थी। इस तरह अब तक कुल 19.43 करोड़ रुपये की बरामदगी दर्ज की गई है।

93 घातक हथियार जब्त

सुरक्षा बलों ने इस ऑपरेशन में कुल 93 हथियार भी बरामद किए हैं। इनमें 4 AK-47, 9 SLR राइफल, INSAS एलएमजी, 5.56 इंसास राइफल, .303 राइफल, कार्बाइन, पिस्टल, बीजीएल लॉन्चर सहित अन्य हथियार शामिल हैं। इसे नक्सलियों की सैन्य क्षमता पर बड़ा प्रहार माना जा रहा है।

इन्हें भी पढ़ेंः-


लेखक के बारे में

सवाल आपका है.. पत्रकारिता के माध्यम से जनसरोकारों और आप से जुड़े मुद्दों को सीधे सरकार के संज्ञान में लाना मेरा ध्येय है। विभिन्न मीडिया संस्थानों में 10 साल का अनुभव मुझे इस काम के लिए और प्रेरित करता है। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रानिक मीडिया और भाषा विज्ञान में ली हुई स्नातकोत्तर की दोनों डिग्रियां अपने कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ने के लिए गति देती है।