PM आवास योजना में ठगी, निगम की फर्जी सील और रसीद बना कर 100 से अधिक परिवारों को लगाया चूना

PM आवास योजना में ठगी, निगम की फर्जी सील और रसीद बना कर 100 से अधिक परिवारों को लगाया चूना

PM आवास योजना में ठगी, निगम की फर्जी सील और रसीद बना कर 100 से अधिक परिवारों को लगाया चूना
Modified Date: November 29, 2022 / 07:54 pm IST
Published Date: February 14, 2021 4:12 pm IST

रायपुर: राजधानी में एक बार फिर से BSUP और प्रधानमंत्री आवास योजना के मकानों के नाम पर सौ से अधिक परिवारों से ठगी का मामला उजागर हुआ है। पता चला की ठग गैंग ने न सिर्फ गरीबों से मकान बुक करने के नाम पर 25 हजार रुपए जमा करवाए। बल्कि अवंति विहार के पीछे विजय नगर में सौ से अधिक परिवारों से सवा-सवा लाख रुपए भी जमा करवा लिए। ठगी का आकंड़ा लगभग 2 करोड़ रुपए तक पहुंच गया है। जिसके बाद से गैंग के 4 आरोपी फरार हैं।

Read More: आज रात से तीन दिनों का लॉकडाउन, नए स्ट्रेन के तेजी से बढ़ रहे मरीजों के चलते न्यूजीलैंड सरकार ने लिया फैसला

रायपुर में प्रधानमंत्री आवास योजना और BSUP मकानों के नाम पर ठगी मामले में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। तीन पुरुष और एक महिला वाले इस गैंग ने निगम का नाम इस्तेमाल कर रायपुर के अंवति विहार, सड्डू, मोवा, दलदल सिवनी के सैकड़ों गरीब परिवारों से प्रधानमंत्री आवास योजना का मकान दिलाने के नाम पर सवा-सवा लाख रुपए लेकर करोड़ों की ठगी की है। जिसके बाद से जनप्रतिनिधियो और अधिकारियों के बीच हंड़कंप मच गया है।

Read More: Valentine Day पर शिवसैनिकों ने जमकर मचाया उत्पात, रेस्टोरेंट में बैठे लोगों को खदेड़ा, की तोड़फोड़

ठगी के लिए गैंग ने नगर निगम जोन 4 की फर्जी रसीद और लैटर पैड भी छपवा लिए फर्जी साइन और लैटर से लोगों को नोटिस भेजकर उनसे पैसे जमा करवा लिए। इतना ही पैसा लेने के बाद ठगों ने परिवारों को जगह-जगह खाली पड़े निगम के BSUP मकानों में शिफ्ट भी करवा दिया, कुछ को तो ताला तोड़कर मकान में शिफ्ट होने तक कह दिया। उधर ठगों ने और पैसा देना या तीन दिन में मकान खाली करने का नोटिस दिया। नोटिस मिलने के बाद परिवारों ने मिलकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की। इसपर निगम को नोटिस जारी हुआ, जिसके बाद अधिकारी ने दस्तावेजों की जांच कराई तो पता चला सभी फर्जी थे।

Read More: थम सकते हैं एक लाख से अधिक ट्रक और बसों के पहिए, डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर ट्रांसपोर्टरों ने दी हड़ताल की चेतावनी

तत्कालीन जोन आयुक्त चंदन शर्मा ने बताया की उनका ट्रांसफर जून माह में जोन-5 में हो चुका था लेकिन ठगी के दस्तावेज दो माह बाद अगस्त में तैयार किए गए। जिनमें उनके फर्जी साइन भी किए गए, लेकिन ठगों की इस गलती से उनकी करतूत की पोल कोर्ट के सामने भी खुल गई। निगम के नाम पर बड़ी ठगी सामने आने के बाद महापौर एजाज ढेबर ने कहा है की ठगों को हर हाल में जेल भेजा जाएगा। अगर इसके पीछे निगम कर्मचारी या कोई नेता तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई होगी।

Read More: शिक्षक के पदों पर निकली भर्ती, बिना परीक्षा दिए सीधे इंटरव्यू के आधार पर होगा चयन

नगर निगम की योजनाओं के नाम पर गरीबो से ठगी का यह पहला मामला नहीं है, लेकिन चौंकाने वाली बात ये है की पहले भी ऐसे मामलों में प्रशासन की ओर से ढिलाई बरती गई जिससे ठगों के हौसले बुलंद होते गए। वहीं आम लोग इसमें पिस रहे हैं।

More: राहुल गांधी ने असम की जनता के बीच CAA पर स्पष्ट अभिमत रख भाजपा के ध्रुवीकरण की रणनीति पर विराम लगाया- विकास उपाध्याय

 


लेखक के बारे में

"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"