प्रोजेक्ट मैनेजर ने लोहा गलाने वाली भट्ठी में कूदकर दी जान, 16 सौ डिग्री में राख तक नहीं बचा

प्रोजेक्ट मैनेजर ने लोहा गलाने वाली भट्ठी में कूदकर दी जान, 16 सौ डिग्री में राख तक नहीं बचा

प्रोजेक्ट मैनेजर ने लोहा गलाने वाली भट्ठी में कूदकर दी जान, 16 सौ डिग्री में राख तक नहीं बचा
Modified Date: November 29, 2022 / 08:35 pm IST
Published Date: December 12, 2019 4:23 am IST

रायगढ़, छत्तीसगढ़। रायगढ़ जिले के पूंजीपथरा स्थित सिंघल स्टील प्लांट में देर शाम फैक्ट्री के प्रोजेक्ट मैनेजर ने लोहा गलाने वाली भट्टी में कूदकर अपनी जान दे दी। आसपास काम कर रहे मजदूरों ने जब चीखने की आवाज सुनी तो आनन-फानन में भट्टी को बंद किया, लेकिन तब तक प्रोजेक्ट मैनेजर जलकर खाक हो चुका था।

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जिस भट्टी में प्रोजेक्ट मैनेजर ने सुसाईड किया उसका टेंपरेचर 1600 डिग्री सेल्सियस था और उसमें फैक्ट्री का लोहा गलाया जाता था। ऐसे में चंद सेकंड में ही मृतक का शरीर पूरी तरह गल गया और उसकी राख तक नहीं मिली। मामले की सूचना पर पुलिस जांच में जुट गई है। बताया जा रहा है कि मृतक देवेन्द्र कुमार जमशेदपुर का रहने वाला है। वह प्लांट में पिछले 12 साल से प्रोजेक्ट मैनेजर था और फैक्ट्री के कैंपस में ही स्टाफ क्वार्टर में रहता था।

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घटना के दिन भी दो बार वह साइट विजिट कर चुका था। जिस वक्त घटना हुई उस वक्त दो मजदूर वहां मौजूद थे। ऐसे में पुलिस उनके बयान दर्ज कर रही है। हालांकि परिजनों ने इस घटना में संदेह जताते हुए जांच की मांग की है।

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