कॉजपा के प्रदर्शन का 16वां दिन: वांगचुक ने 7,000 लोगों के शामिल होने का दावा किया

कॉजपा के प्रदर्शन का 16वां दिन: वांगचुक ने 7,000 लोगों के शामिल होने का दावा किया

कॉजपा के प्रदर्शन का 16वां दिन: वांगचुक ने 7,000 लोगों के शामिल होने का दावा किया
Modified Date: July 6, 2026 / 12:31 am IST
Published Date: July 6, 2026 12:31 am IST

(तस्वीरों के साथ)

नयी दिल्ली, पांच जुलाई (भाषा) केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी को लेकर यहां जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) का विरोध प्रदर्शन 16वें दिन रविवार को भी जारी रहा। साथ ही, पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सोमवार को महाराष्ट्र के अपने गृहनगर छत्रपति संभाजी नगर में छात्रों के प्रदर्शन में शामिल होने की घोषणा की।

वहीं, जलवायु एवं नागरिक अधिकार कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल का यह आठवां दिन था और उन्होंने दावा किया कि राष्ट्रीय राजधानी में आज विरोध प्रदर्शन में करीब 7,000 लोग शामिल हुए।

चिकित्सकों की ओर से जारी स्वास्थ्य बुलेटिन के अनुसार, वांगचुक का वजन अब तक लगभग छह किलोग्राम कम हो गया है। उनका रक्तचाप 112/70 मिलीमीटर एचजी, हृदय गति 72 धड़कन प्रति मिनट और रक्त शर्करा का स्तर 67 मिलीग्राम प्रति डेसीलीटर दर्ज किया गया।

बुलेटिन में कहा गया है कि उनके शरीर में पानी की मात्रा फिलहाल संतोषजनक है, उनकी मानसिक स्थिति पूरी तरह ठीक है और वजन घटकर 60.95 किलोग्राम रह गया है।

सात दिन में उनका वजन लगभग छह किलोग्राम कम हुआ है।

वांगचुक ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा, ‘‘अभी ज़िंदा हूं, हालांकि पूरी तरह सक्रिय नहीं।’’ उन्होंने कहा कि उनके आंदोलन के प्रभाव का अंदाजा सोशल मीडिया पर होने वाली ‘ट्रोलिंग’ से लगाया जा सकता है, जिसे उन्होंने अपने ‘‘सफलता का पैमाना’’ बताया।

उन्होंने लिखा, ‘‘आज सुबह से शाम तक जंतर-मंतर पर करीब 7,000 लोग जुटे। विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक आंदोलनों के नेताओं ने आकर समर्थन व्यक्त किया।’’

वहीं, दीपके ने ‘एक्स’ पर एक अलग पोस्ट में बताया कि उन्हें छत्रपति संभाजीनगर में, प्रश्नपत्र लीक के विरोध में छात्रों के प्रदर्शन में शामिल होने का निमंत्रण मिला है। उन्होंने कहा कि वह छात्रों के साथ एकजुटता जताएंगे और न्याय की उनकी मांग का समर्थन करेंगे।

इससे पहले, कॉजपा के अनुसार कथित प्रश्नपत्र लीक के कारण मेडिकल कॉलेज में दाखिला लेने का अपना सपना टूट जाने से जान गंवाने वाली नीट अभ्यर्थी रिया कुमारी थापा के माता-पिता भी प्रदर्शन स्थल पहुंचे।

दीपके ने बताया कि थापा के पिता, जो सेना के पूर्व जवान हैं, प्रदर्शन में शामिल हुए और अपील की कि किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े। उन्होंने केंद्र सरकार से ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की।

कॉजपा ने एक अन्य पोस्ट में कहा कि वह थापा के माता-पिता के दुख और उस व्यवस्था के खिलाफ उनकी लड़ाई में पूरी मजबूती से खड़ा है, जिसने उनकी बेटी के साथ न्याय नहीं किया।

तीन मई को आयोजित मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट प्रश्नपत्र लीक के आरोपों के बाद रद्द कर दी गई थी। इसके बाद 21 जून को दोबारा परीक्षा करायी गयी।

इस बीच, आंदोलन का समर्थन कर रहे संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने अब सात जुलाई को अपना प्रतिनिधिमंडल प्रदर्शन स्थल भेजने का फैसला किया है। पहले उसने रविवार को वहां जाने की घोषणा की थी।

वाम दल से संबंधित ‘ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन’ (आइसा) के कई सदस्यों ने भी विरोध स्थल पर एक अलग मंच से अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल जारी रखी।

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ (जेएनयूएसयू) के संयुक्त सचिव दानिश अली रविवार को भी अस्पताल में भर्ती रहे। अली को अनशन के सातवें दिन शनिवार को रक्त शर्करा का स्तर घटकर 46 मिलीग्राम प्रति डेसीलीटर हो जाने के बाद राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

वहीं, अन्य छात्र नेहा, मनीष, ऋषिकेश, दीपक कुमार वर्मा और आमीन प्रदर्शन स्थल पर अपना अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल जारी रखे हुए हैं।

भाषा गोला सुभाष

सुभाष


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