गुरुग्राम के कई विद्यालयों को बम से उड़ाने की धमकी फर्जी निकली

गुरुग्राम के कई विद्यालयों को बम से उड़ाने की धमकी फर्जी निकली

गुरुग्राम के कई विद्यालयों को बम से उड़ाने की धमकी फर्जी निकली
Modified Date: April 29, 2026 / 10:29 pm IST
Published Date: April 29, 2026 10:29 pm IST

गुरुग्राम (हरियाणा), 29 अप्रैल (भाषा) गुरुग्राम के कई विद्यालयों को बम से उड़ाने की धमकी वाले ईमेल बुधवार सुबह प्राप्त हुए, जिसके बाद पुलिस ने परिसरों में तलाशी अभियान शुरू किया।

पुलिस ने कहा कि बाद में यह धमकी फर्जी निकली।

पुलिस ने बताया कि यह ईमेल ‘खालिस्तान नेशनल आर्मी’ ने भेजा था और उसने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को भी 29 अप्रैल को ‘40वां खालिस्तान घोषणा दिवस’ ​​घोषित करने की धमकी दी।

‘खालिस्तान नेशनल आर्मी ने दिल्ली के लाल किले पर बम से हमला करने की भी धमकी दी थी।

पुलिस ने कहा कि यह एक अफवाह थी क्योंकि गहन तलाशी के बाद कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।

पुलिस ने बताया कि श्री राम, एमिटी और एचडीएफसी स्कूल समेत कम से कम 10 विद्यालयों को सुबह 8.33 बजे धमकी भरे ईमेल मिले, जब कक्षाएं पहले ही शुरू हो चुकी थीं।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि स्कूल प्रशासनों को सुबह करीब नौ बजे धमकियों की जानकारी मिली और उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।

अधिकारी ने बताया कि विद्यालयों ने तुरंत आपातकालीन प्रोटोकॉल लागू किए, कई विद्यालय ने छुट्टी घोषित कर दी और अभिभावकों से अपने बच्चों को सुरक्षित घर ले जाने का अनुरोध किया।

पुलिस और बम निरोधक दल के मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की, वहीं बड़ी संख्या में चिंतित अभिभावक विद्यालय के बाहर जमा हो गए।

अधिकारी ने बताया, ‘‘ करीब 10 विद्यालयों ने बम की धमकियों को लेकर पुलिस से संपर्क किया है।’’

इस ईमेल की जानकारी मिलते ही गुरुग्राम और दिल्ली की पुलिस हरकत में आ गई एवं जांच शुरू कर दी।

बम निरोधक दस्ते और खोजी कुत्तों के दस्ते को भेजकर स्कूलों को पूरी तरह से तलाशी ली गयी।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि पुलिस टीम ने स्कूल परिसर, कक्षाओं, इमारतों और आसपास के इलाकों की गहन तलाशी ली। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान कोई भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली।

जनवरी से अब तक यह तीसरी बार है जब विद्यालयों को बम की फर्जी धमकियां मिली हैं।

मार्च में, शहर के कम से कम एक दर्जन विद्यालयों को बम की धमकी वाले ईमेल मिले थे, जो बाद में झूठे साबित हुए थे।

इसी तरह, 28 जनवरी को, 13 विद्यालयों को ईमेल के जरिए बम की झूठी धमकियां मिलीं, जिसके चलते अधिकारियों को परिसर खाली कराना पड़ा और कक्षाएं स्थगित करनी पड़ीं।

भाषा राजकुमार माधव

माधव


लेखक के बारे में