नयी दिल्ली, 26 अगस्त (भाषा) केंद्र सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से कहा है कि वे पेयजल के स्रोतों को टिकाऊ बनाने, इस्तेमाल के बाद बचे पानी के प्रबंधन और स्वच्छता कार्यों को वीबी-जी राम जी ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के साथ जोड़ें।
इस महीने की शुरुआत में जल शक्ति मंत्रालय और ग्रामीण विकास मंत्रालय ने एक संयुक्त पत्र के जरिए यह निर्देश जारी किया था।
पत्र में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से कहा गया था कि वे पानी की सुरक्षा और साफ-सफाई के लिए संसाधनों का तालमेल सुनिश्चित करें तथा ऐसे कार्यों की एकीकृत योजना, कार्यान्वयन और निगरानी के उपाय भी बताएं।
पत्र में कहा गया कि विकसित भारत-रोज़गार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) (वीबी-जी राम जी) अधिनियम, 2025’ के तहत जल सुरक्षा को चार मुख्य क्षेत्रों में से एक के रूप में पहचाना गया है।
दोनों मंत्रालयों ने निर्देश दिया कि जल जीवन मिशन (जेजेएम) 2.0 के तहत पयेजल के स्रोतों को टिकाऊ बनाने के काम, इस्तेमाल के बाद बचे पानी के प्रबंधन के उपाय, और स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) 2.0 के तहत स्वच्छता तथा ठोस व तरल कचरा प्रबंधन के कार्यों को अधिनियम की संबंधित श्रेणी के तहत ‘विकसित ग्राम पंचायत योजनाओं’ (वीजीपीपीएस) में शामिल किया जाए।
भाषा नेत्रपाल माधव
माधव