पारादीप तट के पास संकटग्रस्त पोत को तटरक्षक बल ने बचाया, चालक दल के 23 सदस्य सुरक्षित

पारादीप तट के पास संकटग्रस्त पोत को तटरक्षक बल ने बचाया, चालक दल के 23 सदस्य सुरक्षित

पारादीप तट के पास संकटग्रस्त पोत को तटरक्षक बल ने बचाया, चालक दल के 23 सदस्य सुरक्षित
Modified Date: September 28, 2026 / 05:54 pm IST
Published Date: September 28, 2026 5:54 pm IST

नयी दिल्ली, 28 सितंबर (भाषा) भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) द्वारा ओडिशा के पारादीप तट के पास बेलीज ध्वज वाले एक पोत को बचाए जाने से समुद्र में होने वाली एक बड़ी दुर्घटना टल गई। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

आईसीजी के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, 9,000 मीट्रिक टन पाम तेल ले जा रहे ‘एमटी सीगल 9’ पोत पर चालक दल के 23 सदस्य सवार थे। उन्होंने बताया कि पोत ने रविवार सुबह करीब साढ़े सात बजे फोनकर आपातकालीन संदेश दिया।

अधिकारी ने बताया कि मुख्य इंजन खराब होने और बैलास्ट टैंक या संतुलन टैंक में तेजी से पानी भरने के कारण पोत एक ओर झुक गया था। जहाज की तलहटी में स्थित इस टैंक का उपयोग इसमें समुद्र का पानी भरकर या निकाल कर पोत को संतुलन दिया जाता है।

दल ने बताया कि उसने तुरंत कार्रवाई करते हुए आईसीजी के पोत ‘विश्वस्त’ को मौके पर भेजा गया।

आईसीजी ने बताया कि यह घटना पारादीप से पूर्व-दक्षिण-पूर्व दिशा में 37 समुद्री मील की दूरी पर हुई। उच्च परिचालन तत्परता का प्रदर्शन करते हुए आईसीजी के क्षति नियंत्रण विशेषज्ञों की टीम ने मुश्किल हालात के बावजूद उस अस्थिर पोत पर गई।

अधिकारी ने बताया कि टीम ने पनडुब्बी जल-निकासी पंप और नुकसान को रोकने वाले आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल करके तेजी से रिसाव को रोका, क्षतिग्रस्त समुद्री जल पाइपलाइनों को बंद किया और टूटी हुई तीसरी लाइन को भी नियंत्रित किया।

उन्होंने कहा, ‘इस अभियान को और मजबूत करने के लिए आईसीजी ने प्रदूषण से निपटने की क्षमता बढ़ाने और स्थिति पर चौबीसों घंटे लगातार नजर रखने के लिए मौके पर एक प्रदूषण नियंत्रण पोत (पीसीवी) और एक अतिरिक्त अपतटीय गश्ती पोत (ओपीवी) भी तैनात किया।’

अधिकारी ने बताया कि आईसीजीएस विश्वस्त की विशेषज्ञ टीम और पोत के चालक दल के बीच बेहतर समन्वय से एक साथ माल स्थानांतरण और पानी निकालने का अभियान चलाया गया। इससे टंकी को प्रभावी ढंग से स्थिर किया गया जिससे उसके पलटने का खतरा टल गया।

इसी दौरान, उन्होंने बताया कि वास्तविक समय में निगरानी के लिए भुवनेश्वर से आईसीजी का डोर्नियर विमान रवाना किया गया।

आईसीजी ने बताया कि रविवार को पोत के पास शुरुआत में मामूली मात्रा में पाम तेल की परत दिखाई दी थी लेकिन सोमवार को हवाई निगरानी के दौरान इसके पूरी तरह से खत्म होने की पुष्टि हुई।

अधिकारियों ने बताया कि कई एजेंसियों के संयुक्त प्रयासों के तहत पारादीप बंदरगाह प्राधिकरण के टग ‘डॉल्फिन’ ने स्थिर किए गए एमटी सीगल 9 को खींचकर पारादीप के पास एंकरज क्षेत्र (जहाजों को खड़ा करने के लिए निर्धारित क्षेत्र) तक पहुंचाया।

‘आईसीजीएस विश्वस्त’ की तकनीकी टीम की मदद से पोत के मुख्य इंजन की मरम्मत का काम अभी जारी है।

भाषा प्रचेता माधव

माधव


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