कांग्रेस प्राचीन भारत के ‘भ्रष्ट’ धनानंद राजवंश के समान: भाजपा नेता संबित पात्रा

कांग्रेस प्राचीन भारत के ‘भ्रष्ट’ धनानंद राजवंश के समान: भाजपा नेता संबित पात्रा

कांग्रेस प्राचीन भारत के ‘भ्रष्ट’ धनानंद राजवंश के समान: भाजपा नेता संबित पात्रा
Modified Date: April 21, 2026 / 06:09 pm IST
Published Date: April 21, 2026 6:09 pm IST

हैदराबाद, 21 अप्रैल (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद संबित पात्रा ने मंगलवार को आरोप लगाया कि कांग्रेस और नेहरू परिवार प्राचीन भारत के ‘‘भ्रष्ट’’ धनानंद राजवंश के समान हैं।

पात्रा ने हैदराबाद से लगभग 100 किलोमीटर दूर तेलंगाना के नालगोंडा में पत्रकारों से बात करते हुए संसद के विशेष सत्र के दौरान कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाद्रा के भाषण का जिक्र किया।

लोकसभा में महिला आरक्षण कानून में संशोधन और परिसीमन आयोग की स्थापना के लिए पेश किए गए तीन विधेयकों पर बहस में भाग लेते हुए वाद्रा ने गृह मंत्री अमित शाह से कहा कि अगर चाणक्य आज जीवित होते, तो वह भाजपा नेता की ‘‘राजनीतिक कुटिलता’’ से चकित रह जाते।

पात्रा ने कहा कि अगर धनानंद जीवित होते तो वह कहते कि 21वीं सदी में भारत में एक पारिवारिक पार्टी है जो नंद राजवंश की तरह है।

उन्होंने कहा, ‘‘धनानंद ने कहा होगा कि मेरी भ्रष्ट वंश परंपरा की तरह ही अब एक भ्रष्ट कांग्रेस भी है। धनानंद ने यह भी सोचा होगा कि राहुल गांधी उन्हीं की तरह हैं। इसीलिए चाणक्य फिर से आ गए हैं। जब भी धनानंद आते हैं, चाणक्य आ जाते हैं।’’

उन्होंने कहा कि धनानंद का शासन जनता के लिए अच्छा नहीं था। चाणक्य का आगमन पूर्ववर्ती शासक को हटाने के लिए बहुत जरूरी है।

पात्रा ने कहा कि चाणक्य ने हमेशा राष्ट्रीय हित में सोचा।

उन्होंने कहा, ‘‘इसीलिए, प्रियंका जी जब तक कांग्रेस के नाम की धनानंद वंश परंपरा कायम रहेगी, उसे खत्म करने के लिए चाणक्य प्रकट होंगे।’’

पात्रा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और ‘इंडिया’ गठबंधन के अन्य घटक दल ‘‘परिवारवादी पार्टियां’’ हैं जो आम महिलाओं के लिए आरक्षण के पक्ष में नहीं हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी पार्टियां केवल अपने परिवार के सदस्यों की तरक्की चाहती हैं।

उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों ने महिलाओं के लिए आरक्षण प्रदान करने वाले संशोधित विधेयक का समर्थन करने की पेशकश की थी, बशर्ते उसमें ओबीसी के लिए उप-आरक्षण हो। उन्होंने आरोप लगाया कि दिवंगत राजीव गांधी ने संसद में पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण के खिलाफ बात की थी।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ‘इंडिया’ ब्लॉक ने महिला आरक्षण संशोधन विधेयक को रोकने के लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ी और यही कांग्रेस की ‘विशिष्ट’ मानसिकता है।

पात्रा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने पिछले 30 वर्ष में तकनीकी मुद्दों की आड़ में महिला आरक्षण को कभी लागू नहीं होने दिया। इस बार भी उन्होंने उत्तर-दक्षिण विभाजन पैदा करने की कोशिश की।

भाषा यासिर माधव

माधव


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