रांची, 27 सितंबर (भाषा) झारखंड भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू ने रविवार को कांग्रेस पर निर्वाचन आयोग के खिलाफ ‘‘बेबुनियाद’’ आरोप लगाकर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया। इससे एक दिन पहले निर्वाचन आयोग ने एसआईआर को लेकर उसके भीतर मतभेद की खबर का खंडन करते हुए कहा था कि इस प्रक्रिया से जुड़े सभी फैसले सर्वसम्मति से लिए गए हैं।
साहू ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व को देश और निर्वाचन आयोग से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए।
उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘कांग्रेस ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बेबुनियाद आरोप लगाए, जिसका खुलासा शनिवार को हुई बैठक के बाद निर्वाचन आयोग के बयान से हो गया। कांग्रेस और ‘इंडिया’ गठबंधन की भ्रम फैलाने और मनगढ़ंत कहानियां गढ़ने की राजनीति पूरी तरह विफल हो गई है।’
उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) समेत सभी फैसले सर्वसम्मति से लिए गए और पूरे देश में एसआईआर को लेकर निर्वाचन आयोग के भीतर कोई असहमति नहीं थी।
साहू ने कहा, ‘निर्वाचन आयोग के संयुक्त बयान के बाद कांग्रेस नेतृत्व को देश और संवैधानिक संस्थाओं से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए।’
एसआईआर को लेकर निर्वाचन आयोग के भीतर मतभेद की खबर सामने आने के बाद आयोग आलोचनाओं का सामना कर रहा है।
इस मुद्दे को लेकर विपक्षी दलों ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है।
यह घटनाक्रम ‘इंडियन एक्सप्रेस’ की एक खबर के बाद सामने आया, जिसमें दावा किया गया था कि निर्वाचन आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले 10 महीनों में कम से कम 14 बार उन फैसलों और आदेशों पर आधिकारिक तौर पर आपत्ति जताई थी, जो उनकी जानकारी के बिना जारी किए गए थे, जबकि एसआईआर का राष्ट्रीय स्तर पर क्रियान्वयन पूर्ण आयोग की देखरेख में हो रहा था। भाषा
शुभम नरेश
नरेश