गाय को मारने पर पाबंदी लगे और उसे राष्ट्रीय पशु का दर्जा दिया जाए:सैयद सरवर चिश्ती

गाय को मारने पर पाबंदी लगे और उसे राष्ट्रीय पशु का दर्जा दिया जाए:सैयद सरवर चिश्ती

गाय को मारने पर पाबंदी लगे और उसे राष्ट्रीय पशु का दर्जा दिया जाए:सैयद सरवर चिश्ती
Modified Date: May 22, 2026 / 04:09 pm IST
Published Date: May 22, 2026 4:09 pm IST

जयपुर, 22 मई (भाषा) अजमेर शरीफ दरगाह के गद्दीनशीन खादिम सैयद सरवर चिश्ती ने शुक्रवार को केंद्र सरकार से अपील की कि गाय को ‘राष्ट्रीय पशु’ घोषित किया जाए तथा पूरे देश में उसे मारने एवं बलि देने के लिए उसकी होने वाली बिक्री पर प्रतिबंध लगाया जाए।

मौलवी की यह अपील 28 मई के ईद-उल-अजहा से कुछ दिन पहले आई है।

चिश्ती ने कहा कि हिंदू समुदाय के लिए गाय का बड़ा धार्मिक महत्व है तथा वह सम्मान और संवैधानिक सुरक्षा की हकदार है।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से अपील की कि वह संसद का विशेष सत्र बुलाएं ताकि गाय को ‘राष्ट्रीय पशु’ घोषित करने वाला कानून लाया जा सके। चिश्ती ने कहा, ‘‘यह देखना जरूरी है कि इस तरह के विधेयक का कौन समर्थन और कौन विरोध करता है।’’

उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को राजनीति से ऊपर उठकर सांप्रदायिक सौहार्द और सांस्कृतिक सम्मान के नजरिए से देखा जाना चाहिए। चिश्ती ने कहा कि मुसलमान ऐसे कदम का स्वागत करेंगे।

उन्होंने मवेशियों को लावारिस छोड़ने के खिलाफ भी सख्त कानून बनाने की मांग की ।

उन्होंने कहा, ‘‘गाय जब दूध देना बंद कर देती है तो अनेक लोग उन्हें सड़कों पर छोड़ देते हैं। ये निरीह जानवर सड़कों पर पड़ा प्लास्टिक और कूड़ा-कचरा खाने को मजबूर हो जाते हैं। ऐसी लापरवाही के खिलाफ सख्त सजा का प्रावधान होना चाहिए।’’

चिश्ती ने गो हत्या के शक में मुसलमानों की पीट-पीटकर हत्या किये जाने की कथित घटनाओं पर भी चिंता जताई और ‘गोमांस’ निर्यात पर भी प्रतिबंध की मांग की।

उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की आलोचना करते हुए कहा कि केंद्र में एक दशक से ज़्यादा समय तक सत्ता में रहने के बावजूद उसने इस संबंध में कोई सख्त कानून नहीं बनाया है।

भाषा पृथ्वी राजकुमार

राजकुमार


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