कोटा में मौतों का मामला: दवा वितरक का लाइसेंस रद्द

कोटा में मौतों का मामला: दवा वितरक का लाइसेंस रद्द

कोटा में मौतों का मामला: दवा वितरक का लाइसेंस रद्द
Modified Date: June 26, 2026 / 03:41 pm IST
Published Date: June 26, 2026 3:41 pm IST

कोटा (राजस्थान) 26 जून (भाषा) राजस्थान औषधि नियंत्रण विभाग ने कोटा के सरकारी अस्पतालों में कथित तौर पर नकली ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन की आपूर्ति करने के मामले में एक दवा वितरक का लाइसेंस रद्द कर दिया है। इन अस्पतालों में मई में सीजेरियन से प्रसव के बाद पांच महिलाओं की मौत हो गई थी।

यहां जेके लोन अस्पताल और राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय की सुपर स्पेशियलिटी इकाई में पांच मई से 17 मई के बीच सीजेरियन के जरिये प्रसव के बाद पांच महिलाओं की मौत हो गई थी। स्वास्थ्य अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या इन मौतों में नकली ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन की कोई भूमिका थी।

अधिकारियों ने बताया कि सहायक औषधि नियंत्रक देवेंद्र गर्ग ने 23 जून को ‘मेसर्स राजस्थान मेडिकल हॉल’ नामक कंपनी का थोक ब्रिकी लाइसेंस रद्द कर दिया। यह फैसला इस बात की पुष्टि होने के बाद लिया गया कि वितरक ने कई नियमों का उल्लंघन किया था।

उन्होंने बताया कि आदेश में कहा गया है कि अस्पतालों को आपूर्ति किए गए ‘टोसिन’ ब्रांड के ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन के नमूनों की प्रयोगशाला में जांच की गई तो उनमें ऑक्सीटोसिन की मात्रा बिल्कुल ही नहीं पाई गई, जिससे ये इंजेक्शन बेअसर साबित हुए।

विभाग ने कंपनी के खरीद और बिक्री के रिकॉर्ड में भी गड़बड़ियों का जिक्र किया। यह कार्रवाई यहां इंद्रप्रस्थ औद्योगिक क्षेत्र में वितरक के ठिकाने पर 19 मई को की गई जांच के बाद की गई है।

औषधि नियंत्रक अधिकारियों ने बताया कि उन्हें नकली ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन मिले और साथ ही ‘औषधि एवं प्रसाधन अधिनियम एवं विनियम’ के कई उल्लंघनों का भी पता चला।

औषधि नियंत्रक विभाग ने अमृतसर की उस दवा कंपनी का विनिर्माण लाइसेंस भी रद्द कर दिया था, जो ये इंजेक्शन बनाती थी।

जांच के मुताबिक, वितरक ने अमृतसर की मैसर्स जैक्सन लैबोरेटरीज से इंजेक्शन की 9,300 खुराक खरीदी थीं, लेकिन बिक्री 10,050 खुराक की दर्ज की। अधिकारियों ने कहा कि इंजेक्शन की इन 750 अतिरिक्त खुराक ने इनके स्रोत को लेकर आशंका पैदा की, जिन्हें कथित तौर पर बाजार में उतारा गया था।

चिकित्सकों के अनुसार, दर्द शुरू करने और बच्चे के प्रसव के बाद अधिक रक्त स्राव को रोकने के लिए ऑक्सीटोसिन नियमित रूप से दिया जाता है।

भाषा संतोष धीरज

धीरज


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