दिल्ली: सड़क हादसे में विकलांग हुई महिला को 48.68 लाख रुपये का मुआवजा देने का न्यायाधिकरण का आदेश

दिल्ली: सड़क हादसे में विकलांग हुई महिला को 48.68 लाख रुपये का मुआवजा देने का न्यायाधिकरण का आदेश

दिल्ली: सड़क हादसे में विकलांग हुई महिला को 48.68 लाख रुपये का मुआवजा देने का न्यायाधिकरण का आदेश
Modified Date: January 16, 2026 / 03:52 pm IST
Published Date: January 16, 2026 3:52 pm IST

नयी दिल्ली, 16 जनवरी (भाषा) दिल्ली स्थित मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण ने जुलाई 2024 में एक सरकारी टेम्पो की चपेट में आने से 60 प्रतिशत स्थायी दिव्यांगता की शिकार हुई एक महिला को मुआवजे के रूप में 48.68 लाख रुपये देने का आदेश दिया है।

पीठासीन अधिकारी चारू गुप्ता उस महिला द्वारा दायर दावा याचिका की सुनवाई कर रही थीं, जिसका पैर दुर्घटना के कारण काटना पड़ा था।

सरस्वती दो जुलाई 2024 को कालकाजी मंदिर से नेहरू प्लेस फ्लाईओवर की ओर बस पकड़ने जा रही थीं, तभी एक तेज रफ्तार ग्रामीण सेवा टेम्पो ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। उन्हें तत्काल एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां उनके बाएं पैर को घुटने के नीचे से काटकर सर्जरी की गई।

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वाहन के बीमाकर्ता ने 18.52 लाख रुपये का कानूनी प्रस्ताव प्रस्तुत किया, जिसे ‘‘अनुचित और अव्यावहारिक’’ मुआवजे की राशि बताते हुए अस्वीकार कर दिया गया।

न्यायाधिकरण ने इस बात का संज्ञान लिया कि वाहन की बीमा कंपनी ने याचिकाकर्ता को मुआवज़ा देने की अपनी जिम्मेदारी स्वीकार कर ली थी, क्योंकि उन्होंने कोई वैधानिक बचाव प्रस्तुत नहीं किया, कोई साक्ष्य प्रस्तुत नहीं करना चाहा और एक कानूनी प्रस्ताव भी दाखिल किया। इसलिए न्यायाधिकरण के समक्ष केवल मुआवज़े की राशि पर ही विचार किया गया।

न्यायाधिकरण ने छह जनवरी को दिए अपने फैसले में कहा, ‘बीमा कंपनी द्वारा प्रस्तावित मुआवजे और याचिकाकर्ताओं द्वारा दावा किए गए मुआवजे में अंतर केवल निकट भविष्य में कृत्रिम अंग लगाने पर होने वाले व्यय की गणना के कारण है।’

न्यायाधिकरण ने गौर किया कि दुर्घटना के समय याचिकाकर्ता की आयु 48 वर्ष थी, और यह माना जाता है कि वह कुशल श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी कमा रही थी।

चिकित्सकीय रूप से 60 प्रतिशत कार्यात्मक रूप से दिव्यांगता प्रमाणित होने को ध्यान में रखते हुए, न्यायाधिकरण ने उन्हें विभिन्न मदों के तहत 48.68 लाख रुपये से अधिक का मुआवजा दिया, जिसमें भविष्य की आय के नुकसान के लिए 23.47 लाख रुपये शामिल हैं।

न्यायाधिकरण ने वाहन बीमा कंपनी, बजाज एलायंज जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को राशि जमा करने का निर्देश दिया।

भाषा तान्या सुरेश

सुरेश


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