दिल्ली यातायता पुलिस ने 169 जलभराव वाले ‘हॉटस्पॉट’ की पहचान की

दिल्ली यातायता पुलिस ने 169 जलभराव वाले ‘हॉटस्पॉट’ की पहचान की

दिल्ली यातायता पुलिस ने 169 जलभराव वाले ‘हॉटस्पॉट’ की पहचान की
Modified Date: July 8, 2026 / 08:47 pm IST
Published Date: July 8, 2026 8:47 pm IST

नयी दिल्ली, आठ जुलाई (भाषा) राष्ट्रीय राजधानी में दो दिनों की भारी बारिश के बाद शहर के कई प्रमुख हिस्सों में यातायात जाम हो गया। इसके बाद दिल्ली यातायात पुलिस ने राष्ट्रीय राजधानी में 169 ऐसे यातायात स्थलों (हॉटस्पॉट) की पहचान की है, जहां बारिश के दौरान जलभराव की समस्या होती है । एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह यह जानकारी दी।

अधिकारी ने कहा कि पिछले दो दिनों में शहर में बड़े पैमाने पर यातायात जाम रहा क्योंकि लगातार बारिश के कारण आईटीओ, रोहतक रोड, एनएच-48, रिंग रोड, पंजाबी बाग और शादीपुर सहित कई प्रमुख सड़कों पर वाहनों की आवाजाही धीमी हो गई है। निचले इलाकों में भी पानी जमा हो गया, जिससे व्यस्त समय के दौरान यातायात प्रभावित हुआ।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि विभाग ने मानसून शुरू होने से पहले ही तैयारियां पूरी कर ली थीं। इसके तहत उन स्थानों की पहचान की गई, जहां पिछले वर्षों में जलभराव और यातायात जाम की समस्या सामने आती रही है।

अधिकारी ने कहा, ‘पूरी दिल्ली में जलभराव के प्रति संवेदनशील कुल 169 यातायात हॉटस्पॉट की पहचान की गई है। वाहनों की सुचारू आवाजाही सुनिश्चित करने और पानी जमा होने की स्थिति में तत्काल प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए इन स्थानों पर पर्याप्त संख्या में यातायात कर्मियों को तैनात किया गया है।’

उन्होंने कहा कि दिल्ली यातायात पुलिस जल निकासी और सड़क रखरखाव के लिए जिम्मेदार नगर निकाय एजेंसियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रख रही है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि जलजमाव को जल्द से जल्द निकाला जा सके।

अधिकारी ने कहा कि संबंधित एजेंसियों के समन्वय से निर्दिष्ट संवेदनशील स्थानों पर पानी निकालने के लिए पंप लगाए गए हैं।

अधिकारी ने कहा कि जरूरत पड़ने पर विभिन्न स्थानों पर मोबाइल पंपिंग इकाइयां तैनात करने की व्यवस्था भी की गई है।

अधिकारी ने कहा कि नयी दिल्ली और मध्य दिल्ली के लिए विस्तृत यातायात प्रबंधन योजनाएं भी तैयार की गई हैं, खासकर लगातार विशिष्ट व्यक्तियों (वीआईपी) की आवाजाही को देखते हुए।

उन्होंने कहा, ‘जब भी सुरक्षा व्यवस्था या मौसम संबंधी परिस्थितियों के कारण यातायात मार्ग परिवर्तन आवश्यक हो जाता है, तो सोशल मीडिया के माध्यम से पहले ही सूचना प्रसारित कर दी जाती है ताकि जनता उसके हिसाब से अपनी यात्रा की योजना बना सके।’

अधिकारी ने कहा कि मानसून के दौरान जमीनी स्तर पर यातायात प्रबंधन का कार्य निर्बाध रूप से जारी रखने के लिए यातायात कर्मियों को बरसाती, गमबूट और वाटरप्रूफ जूते उपलब्ध कराए गए हैं। इससे वे मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों में भी चौबीसों घंटे यातायात ड्यूटी पर तैनात रह सकते है।

भाषा नोमान नोमान माधव

माधव


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