कर्नाटक में एसआईआर प्रक्रिया को लेकर उपमुख्यमंत्री शिवकुमार ने चिंता व्यक्त की

कर्नाटक में एसआईआर प्रक्रिया को लेकर उपमुख्यमंत्री शिवकुमार ने चिंता व्यक्त की

कर्नाटक में एसआईआर प्रक्रिया को लेकर उपमुख्यमंत्री शिवकुमार ने चिंता व्यक्त की
Modified Date: May 24, 2026 / 10:29 pm IST
Published Date: May 24, 2026 10:29 pm IST

बेंगलुरु, 24 मई (भाषा) कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने रविवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर चिंता व्यक्त करते हुए आरोप लगाया कि दस्तावेज की आवश्यकताओं को पूरा करने में विफल रहने पर देश भर के गरीब मतदाताओं को अपना मतदान का अधिकार खोने का जोखिम है।

बेंगलुरु में पत्रकारों से बात करते हुए शिवकुमार ने कहा कि सरकारों और राजनीतिक दलों की यह जिम्मेदारी है कि वे यह सुनिश्चित करें कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग जागरूकता की कमी या काम के लिए पलायन के कारण चुनावी प्रक्रिया से बाहर न रह जाएं।

कांग्रेस की कर्नाटक इकाई के अध्यक्ष शिवकुमार ने कहा, ‘‘देखिए, एसआईआर की वजह से इस देश में बहुत नुकसान हो रहा है। गरीब लोग अब भी इस प्रक्रिया को पूरी तरह से नहीं समझते हैं। कुछ राज्यों में तो वे 50 लाख, 60 लाख, यहां तक ​​कि 90 लाख नाम भी इसी तरह हटा रहे हैं।’’

शिवकुमार ने कहा, ‘‘चाहे वे कांग्रेस समर्थक हों या भाजपा समर्थक, हमें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता, सभी गरीब मतदाताओं को इसके लिए व्यक्तिगत रूप से आवेदन करना होगा। यदि वे आवेदन नहीं करते हैं तो वे अपना मतदान अधिकार खो देंगे।’’

उन्होंने आगाह किया कि मतदान अधिकार खोने से कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पाने पर व्यापक प्रभाव पड़ सकता है।

भाषा शुभम शफीक

शफीक


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