घरेलू एलपीजी आपूर्ति सामान्य, वाणिज्यिक सिलेंडर की किल्ल्त को दूर करने के प्रयास जारी: गोवा सरकार

घरेलू एलपीजी आपूर्ति सामान्य, वाणिज्यिक सिलेंडर की किल्ल्त को दूर करने के प्रयास जारी: गोवा सरकार

घरेलू एलपीजी आपूर्ति सामान्य, वाणिज्यिक सिलेंडर की किल्ल्त को दूर करने के प्रयास जारी: गोवा सरकार
Modified Date: April 15, 2026 / 06:29 pm IST
Published Date: April 15, 2026 6:29 pm IST

पणजी, 15 अप्रैल (भाषा) गोवा में रसोई गैस की आपूर्ति सामान्य है लेकिन राज्य सरकार वाणिज्यिक एलपीजी सिलेंडरों की किल्लत से उत्पन्न स्थिति को संभालने के लिए उपाय कर रही है। एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष ने ऊर्जा आपूर्ति को प्रभावित किया है। भारत तेल आपूर्ति के लिए खाड़ी क्षेत्र पर काफी हद तक निर्भर है।

गोवा के नागरिक आपूर्ति विभाग के सचिव संजीव गडकर ने बुधवार को ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि राज्य भर में रसोई गैस की आपूर्ति सामान्य है।

उन्होंने कहा, “घरेलू एलपीजी गैस आपूर्ति में कोई समस्या नहीं है। जिन ग्राहकों ने सिलेंडर बुक किए हैं, उन्हें समय पर सिलेंडर मिल रहे हैं। राज्य सरकार वाणिज्यिक एलपीजी सिलेंडरों की किल्लत से उत्पन्न स्थिति को संभालने के लिए कदम उठा रही है।”

गडकर के अनुसार, वाणिज्यिक एलपीजी सिलेंडरों से संबंधित कुछ समस्याएं हैं जिनका समाधान किया जा रहा है।

वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को उनके कोटे का 20 प्रतिशत एलपीजी सिलेंडर दिया गया है और राज्य सरकार ने घोषणा की है कि ‘पीएनजी कनेक्शन’ के लिए आवेदन करने पर यह कोटा बढ़ाकर कुल 40 प्रतिशत कर दिया जाएगा।

गडकर ने कहा कि राज्य सरकार केंद्र के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन कर रही है, जिसके अनुसार वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को पीएनजी के लिए आवेदन करना होगा।

हालांकि, पूरे गोवा में पीएनजी कनेक्शन उपलब्ध नहीं हैं, लेकिन तिसवाड़ी, पोंडा, सालसेट और मोरमुगाओ तालुकों में इसकी आपूर्ति होती है।

उन्होंने कहा, ‘पीएनजी आपूर्ति उपलब्ध न होने पर भी, वाणिज्यिक प्रतिष्ठान आवश्यक आवेदन प्रक्रिया पूरी करने के बाद 40 प्रतिशत कोटा का लाभ उठा सकते हैं।’

गडकर ने बताया कि कई वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है क्योंकि उन्होंने पंजीकरण नहीं कराया है।

उन्होंने कहा, ‘वे पहले तीसरे पक्ष से वाणिज्यिक एलपीजी खरीदते थे। अब हमने उनके लिए आपूर्तिकर्ताओं के समक्ष पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया है।’

भाषा

राखी सुभाष

सुभाष


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