गुजरात स्थानीय निकाय चुनावः नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन उमड़ी भारी भीड़

गुजरात स्थानीय निकाय चुनावः नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन उमड़ी भारी भीड़

गुजरात स्थानीय निकाय चुनावः नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन उमड़ी भारी भीड़
Modified Date: April 11, 2026 / 09:30 pm IST
Published Date: April 11, 2026 9:30 pm IST

अहमदाबाद, 11 अप्रैल (भाषा) गुजरात में 26 अप्रैल को होने वाले स्थानीय निकाय चुनावों के लिए नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन शनिवार को उम्मीदवारों की भारी भीड़ अपने कागजात दाखिल करने को उमड़ी। स्थानीय चुनाव में मुख्य मुकाबला भाजपा, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के बीच होने की उम्मीद है।

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन पत्रों की जांच 13 अप्रैल को होगी और उम्मीदवार 15 अप्रैल तक चुनाव से अपना नाम वापस ले सकते हैं।

मतगणना 28 अप्रैल को होगी।

अंतिम समय में पार्टी का समर्थन प्राप्त करने वाले कई उम्मीदवारों में शनिवार को अपना नामांकन पत्र जमा करने की जल्दी दिखी, जबकि टिकट से वंचित कुछ उम्मीदवारों ने असंतोष व्यक्त किया।

भाजपा, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के अलावा, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी और अखिल भारतीय मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) भी मैदान में हैं, जिससे कई जगहों पर बहुकोणीय मुकाबला देखने को मिलेगा।

उल्लेखनीय उम्मीदवारों में गुजरात कैडर के पूर्व आईपीएस अधिकारी एम.एल. निनामा, पूर्व रेडियो जॉकी आभा देसाई और पूर्व आप विधायक भूपेन्द्र भयानी शामिल हैं।

हाल ही में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेकर भाजपा में शामिल हुए निनामा को अरवल्ली जिला पंचायत चुनाव में शामलाजी तालुका की ओध सीट से उम्मीदवार बनाया गया है।

विसावदर से आम आदमी पार्टी के विधायक पद से इस्तीफा देकर 2024 में भाजपा में शामिल हुए भूपेंद्र भयानी को सत्तारूढ़ पार्टी ने जूनागढ़ जिला पंचायत की भेसान सीट से मैदान में उतारा है।

‘आरजे आभा’ के नाम से मशहूर आभा देसाई को कांग्रेस ने राजकोट नगर निगम के वार्ड नंबर 10 से उम्मीदवार बनाया है।

इस चुनाव में 34 जिला पंचायतों, 260 तालुका पंचायतों, 84 नगरपालिकाओं और 15 नगर निगमों के चुनाव होंगे, जिनमें अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा, राजकोट शामिल हैं।

राज्य चुनाव आयुक्त एस. मुरली कृष्णा ने कहा था कि 9,992 सीटों पर 4.18 करोड़ से अधिक पात्र मतदाता हैं।

अधिकारियों ने बताया कि 26 अप्रैल को मतदान होगा और जरूरत पड़ने पर 27 अप्रैल को पुनर्मतदान कराया जाएगा व उम्मीद है कि समूची चुनाव प्रक्रिया 30 अप्रैल तक पूरी कर ली जाएगी।

भाषा प्रशांत पवनेश

पवनेश


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