शिमला, 26 अगस्त (भाषा) हिमाचल प्रदेश पुलिस ने बुधवार को पालमपुर के होटल व्यवसायी निशांत शर्मा और उनके परिवार के सदस्यों से कहा कि वे 2023 से उन्हें सुरक्षा मुहैया कराने में राज्य सरकार और पुलिस बल की ओर से खर्च की गई राशि (करीब 68.6 लाख रुपये) जमा करें।
पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी नोटिस में परिवार को 15 दिन के भीतर सरकारी खजाने में कुल 68,60,502 रुपये जमा करने का निर्देश दिया गया है।
नोटिस के मुताबिक, शर्मा और उनके परिवार के सदस्यों को संपत्ति से जुड़े विवाद के मद्देनजर जान का खतरा होने का आरोप लगाने के बाद 16 नवंबर 2023 से सुरक्षा मुहैया कराई गई थी।
नोटिस में कहा गया है कि संबंधित अवधि में हिमाचल प्रदेश पुलिस की विभिन्न इकाइयों के कर्मियों को सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात किया गया था।
नोटिस के अनुसार, पांच अगस्त 2026 को अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) की अध्यक्षता में हुई संयुक्त सुरक्षा समीक्षा समिति की बैठक में शर्मा और उनके परिजन को सुरक्षा जारी रखने और उससे जुड़े सरकारी खर्च के मामले पर चर्चा की गई।
नोटिस में कहा गया है कि इस मामले पर विचार-विमर्श करने के बाद समिति ने फैसला लिया कि राज्य सरकार को परिवार को सुरक्षा प्रदान करने में हुए खर्च की वसूली करनी चाहिए।
इसमें कहा गया है कि अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (सीआईडी) ने सुरक्षा के लिए कर्मियों को तैनात करने वाली विभिन्न पुलिस इकाइयों से खर्च की विस्तृत रिपोर्ट हासिल की।
नोटिस में कहा गया है कि कांगड़ा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, संबंधित अवधि के दौरान पुलिस कर्मियों की तैनाती पर 37,96,589 रुपये खर्च किए गए।
इसमें कहा गया है कि सकोह स्थित दूसरी भारतीय रिजर्व बटालियन के कमांडेंट ने 30,63,913 रुपये के खर्च का विवरण दिया।
नोटिस में पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह खर्च सरकारी खजाने से किया गया था।
भाषा पारुल अविनाश
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