मेंढर/जम्मू, दो अगस्त (भाषा) जम्मू-कश्मीर में पुंछ जिले के एक सुदूर पहाड़ी गांव में जमीन धंस जाने पर कम से कम दो घर और एक स्कूल भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए तथा छह से ज़्यादा अन्य मकानों में दरारें आ गईं। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि 22 जुलाई को भारी बारिश के बाद सरोती जबरां गांव में जमीन धंसने लगी तथा पिछले 11 दिनों में हालात और खराब हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे में कई परिवारों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं, क्योंकि प्रभावित इलाके में बड़ी-बड़ी दरारें चौड़ी होती जा रही हैं।
मेंढर के तहसीलदार राहुल बसोत्रा ने नुकसान की पुष्टि करते हुए बताया कि जमीन में अस्थिरता के संकेत मिलने के कारण एक दर्जन से ज़्यादा घर अब भी खतरे में हैं।
बसोत्रा ने कहा कि वह और उनके क्षेत्रीय कर्मी प्रभावित परिवारों के संपर्क में हैं एवं स्थिति पर नज़र रखे हुए हैं। उन्होंने नुकसान का विस्तृत आकलन भी किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि कम से कम पांच घर और स्कूल के दो भवन पहले ही नष्ट हो चुके हैं तथा कई अन्य घरों में दरारें आ गई हैं, जिसके कारण लोगों को सुरक्षित जगहों पर जाना पड़ रहा है।
सैयद जुल्फकार हुसैन शाह नामक एक स्थानीय व्यक्ति ने कहा कि जमीन धंसने से जरूरी बुनियादी ढांचों को बड़ा नुकसान पहुंचा है, फलस्वरूप पेयजल आपूर्ति एवं विद्युत आपूर्ति बाधित हुई है।
भाषा
राजकुमार रंजन
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