पंजाब के ग्रामीण की कथित आत्महत्या को लेकर केजरीवाल और सिसोदिया ने राहुल गांधी पर पलटवार किया
पंजाब के ग्रामीण की कथित आत्महत्या को लेकर केजरीवाल और सिसोदिया ने राहुल गांधी पर पलटवार किया
नयी दिल्ली, नौ सितंबर (भाषा) आम आदमी पार्टी (आप) के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को पंजाब के एक ग्रामीण की कथित आत्महत्या को लेकर राहुल गांधी की टिप्पणियों पर पलटवार किया और ‘‘लाश पर गंदी राजनीति’’ करने का उन पर आरोप लगाया।
आप के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने भी कांग्रेस नेता पर ‘‘एक गरीब दलित मजदूर की मौत के मामले में झूठ बोलने’’ का आरोप लगाया।
गांधी की टिप्पणियों का जिक्र करते हुए केजरीवाल ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘मुझे बेहद दुख हुआ कि आपके जैसे नेता एक मृत व्यक्ति को लेकर गंदी राजनीति कर रहे हैं।’’
केजरीवाल ने यह भी दावा किया कि मुद्दा उठाने के लिए गांव पहुंचे कांग्रेस विधायकों को स्थानीय लोगों ने वहां से जाने को कहा। उन्होंने राहुल गांधी से खुद गांव का दौरा करने का आग्रह किया।
केजरीवाल ने कहा, ‘‘हमारी सरकार के न ही किसी मंत्री और न ही किसी विधायक का इस व्यक्ति की मौत से कोई संबंध है।’’
सिसोदिया ने कहा कि मृतक के बेटे ने कैमरे के सामने कहा था कि किसी मंत्री ने उसके पिता पर कोई दबाव नहीं डाला था।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार पर आरोप लगाने से पहले गांधी को मृतक के बेटे की बात सुननी चाहिए थी और प्राथमिकी पढ़नी चाहिए थी।
पंजाब सरकार में मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने भी राहुल गांधी पर हमला बोला और उन पर एक दुखद घटना का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया।
खबरों के अनुसार, संगरूर जिले में दिड़बा के रहने वाले दलित व्यक्ति गुलजार सिंह (47) की सोमवार रात कथित तौर पर जहर खाने के बाद मौत हो गई। परिवार के मुताबिक, छह सितंबर को गांव में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान गुलजार ने पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल चीमा से क्षेत्र में मादक पदार्थ की तस्करी से जुड़ा सवाल उठाया था।
इससे पहले बुधवार को राहुल गांधी ने कथित आत्महत्या को लेकर ‘आप’ सरकार पर हमला बोलते हुए मांग की कि मुख्यमंत्री भगवंत मान तुरंत चीमा का इस्तीफा लें और निष्पक्ष जांच कराएं।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष गांधी ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी की सरकार के तहत एक ‘‘खतरनाक प्रवृत्ति’’ पैदा हो रही है कि यदि कोई सरकार की नाकामियों पर सवाल उठाता है, तो उसे जवाब के तौर पर धमकी और प्रताड़ना का सामना करना पड़ता है।
भाषा शफीक माधव
माधव

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