नयी दिल्ली, दो सितंबर (भाषा) दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को महाराष्ट्र की उस महिला की सराहना की, जिसने अपनी बेटी की शिक्षा के लिए पुरस्कार राशि जीतने के उद्देश्य से मैराथन में नंगे पांव दौड़ लगाई थी।
केजरीवाल ने कहा कि व्यवस्था में बदलाव की जरूरत है।
केजरीवाल ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में रामाबाई के जज्बे की प्रशंसा की और सवाल किया कि शिक्षा हासिल करने के लिए आखिर कितनी और बेटियों को ऐसी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
उन्होंने कहा, ‘‘बेटियों की शिक्षा उनका अधिकार होना चाहिए, संघर्ष नहीं। हमें व्यवस्था बदलनी होगी।’’
आम आदमी पार्टी (आप) के नेता ने कहा कि अब कई लोग आगे आकर इस मां की मदद करेंगे लेकिन सवाल यह है कि क्या ऐसी व्यक्तिगत मदद से पूरी व्यवस्था में बदलाव आएगा।
महाराष्ट्र के बीड जिले के अंबाजोगाई की रहने वाली 47 वर्षीय रामाबाई रणवीर ने अपनी बेटियों की पढ़ाई के लिए धन जुटाने के उद्देश्य से तीन किलोमीटर की दौड़ में हिस्सा लिया। उन्होंने जीत हासिल की और पुरस्कार के रूप में 3,000 रुपये प्राप्त किए।
यह दौड़ अंबाजोगाई में खोलेश्वर एजुकेशन कॉम्प्लेक्स की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित ‘अमृत दौड़’ कार्यक्रम के तहत आयोजित की गई थी।
भाषा शोभना मनीषा
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