केरल सरकार ने त्रिशूर पटाखा फैक्टरी में विस्फोट को राज्य-केंद्रित आपदा घोषित किया

केरल सरकार ने त्रिशूर पटाखा फैक्टरी में विस्फोट को राज्य-केंद्रित आपदा घोषित किया

केरल सरकार ने त्रिशूर पटाखा फैक्टरी में विस्फोट को राज्य-केंद्रित आपदा घोषित किया
Modified Date: April 22, 2026 / 02:18 pm IST
Published Date: April 22, 2026 2:18 pm IST

त्रिशूर (केरल), 22 अप्रैल (भाषा) केरल के राजस्व मंत्री के. राजन ने बुधवार को कहा कि त्रिशूर जिले के मुंडाथिकोड स्थित एक पटाखा निर्माण इकाई में एक दिन पहले हुए विस्फोट को राज्य-केंद्रित आपदा घोषित किया गया है, जिसमें कम से कम 13 लोगों की मौत हो गयी है।

यहां आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने बताया कि यह निर्णय सुबह मुख्यमंत्री पिनराई विजयन की अध्यक्षता में हुई विशेष ऑनलाइन कैबिनेट बैठक में लिया गया।

उन्होंने कहा कि विस्फोट में मारे गए लोगों के आश्रितों को 14 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का भी फैसला किया गया है।

उन्होंने बताया कि केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (केएसडीएमए) की राज्य कार्यकारी समिति को इस विस्फोट को राज्य-केंद्रित आपदा घोषित करने के निर्देश जारी किए गए हैं।

इसके अलावा, सरकार ने घटना की न्यायिक जांच की भी घोषणा की है। इसके लिए न्यायमूर्ति सी.एन. रामचंद्रन नायर की अध्यक्षता में एक सदस्यीय आयोग जांच करेगा।

विस्फोट में मृतकों के आश्रितों को 14 लाख रुपये की सहायता राशि के संबंध में मंत्री ने कहा कि इसमें से चार लाख रुपये राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (एसडीआरएफ) से दिए जाएंगे, जबकि शेष 10 लाख रुपये मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष (सीएमडीआरएफ) से प्रदान किए जाएंगे।

घायलों को एसडीआरएफ के तहत मान्य राशि दी जाएगी और इसके अतिरिक्त सीएमडीआरएफ से दो लाख रुपये आपातकालीन आर्थिक सहायता के रूप में दिए जाएंगे।

राजन ने कहा कि कैबिनेट ने यह भी तय किया है कि अगले छह महीनों तक सरकारी और निजी अस्पतालों में भर्ती घायलों के इलाज का खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। इसके लिए आवश्यक राशि जिला कलेक्टर की सिफारिश पर सीएमडीआरएफ से जारी की जाएगी।

इसके अतिरिक्त, चिकित्सा सहायता में एसडीआरएफ के तहत अनुमन्य राशि भी शामिल होगी।

यदि छह महीने से अधिक इलाज की आवश्यकता होती है, तो एक मेडिकल बोर्ड की सिफारिश के आधार पर निजी अस्पतालों में उपचार के लिए आवश्यक राशि भी सीएमडीआरएफ से दी जाएगी।

इस प्रेस वार्ता में मंत्री एम.बी. राजेश और वी.एन. वासवन भी उपस्थित थे।

भाषा गोला वैभव

वैभव


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