केपीएससी भर्ती विवाद: कुमारस्वामी ने राहुल गांधी से बेंगलुरु में ‘पीड़ितों’ से मिलने को कहा

केपीएससी भर्ती विवाद: कुमारस्वामी ने राहुल गांधी से बेंगलुरु में ‘पीड़ितों’ से मिलने को कहा

केपीएससी भर्ती विवाद: कुमारस्वामी ने राहुल गांधी से बेंगलुरु में ‘पीड़ितों’ से मिलने को कहा
Modified Date: August 31, 2026 / 08:10 pm IST
Published Date: August 31, 2026 8:10 pm IST

नयी दिल्ली, 31 अगस्त (भाषा) जनता दल सेक्युलर (जदएस) के नेता और केंद्रीय मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने कर्नाटक लोक सेवा आयोग (केपीएससी) की भर्तियों में कथित अनियमितताओं को लेकर सोमवार को राज्य की कांग्रेस सरकार पर हमला तेज करते हुए राहुल गांधी से इस मुद्दे को राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) के मुद्दे की तरह गंभीरता से उठाने को कहा।

उन्होंने कहा कि यह विवाद अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है और इससे कर्नाटक की छवि को नुकसान पहुंच रहा है।

कुमारस्वामी ने राहुल गांधी से बेंगलुरु आने और इस विवाद से प्रभावित युवाओं से मिलने का आग्रह किया।

कुमारस्वामी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘राहुल गांधी संविधान की किताब लेकर देशभर में घूमते हैं और छात्रों तथा युवाओं से संवाद करते हैं। उन्हें बेंगलुरु आकर केपीएससी से प्रभावित युवाओं के साथ बैठना चाहिए। उन्हें उनकी शिकायतें सुननी चाहिए और खुद समझना चाहिए कि कर्नाटक में उनकी पार्टी की सरकार में क्या हो रहा है।’’

उन्होंने राहुल गांधी से केपीएससी के मुद्दे को उसी गंभीरता से उठाने का आग्रह किया, जिस तरह उन्होंने नीट प्रश्न पत्र लीक विवाद का मुद्दा उठाया था।

कुमारस्वामी ने कहा, ‘‘आपने (राहुल ने) नीट का मुद्दा उठाया और छात्रों के लिए लड़ाई लड़ी। मैं आपसे अपील करता हूं कि केपीएससी विवाद से प्रभावित कर्नाटक के युवाओं के लिए भी ऐसा ही करें। बेंगलुरु आएं, उनसे मिलें और सीधे उनकी बात सुनें।’’

सीआईडी, भर्ती परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही है।

इसमें परीक्षा रिकॉर्ड और ओएमआर शीट के रखरखाव के साथ-साथ इसमें शामिल अधिकारियों और अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियंक खरगे सहायक कार्यकारी अभियंताओं (ग्रेड-1) की भर्ती में हुई कथित अनियमितताओं की जिम्मेदारी से पल्ला नहीं झाड़ सकते।

उन्होंने कहा कि यह भर्ती उस समय हुई थी जब खरगे ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज विभाग के मंत्री थे।

भाषा जितेंद्र नरेश

नरेश


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