उपराज्यपाल ने द्वारका उप-नगर को निवेश स्थल के रूप में विकसित करने के लिए डीडीए से जानकारी मांगी

उपराज्यपाल ने द्वारका उप-नगर को निवेश स्थल के रूप में विकसित करने के लिए डीडीए से जानकारी मांगी

उपराज्यपाल ने द्वारका उप-नगर को निवेश स्थल के रूप में विकसित करने के लिए डीडीए से जानकारी मांगी
Modified Date: May 11, 2026 / 05:54 pm IST
Published Date: May 11, 2026 5:54 pm IST

नयी दिल्ली, 11 मई (भाषा) दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) द्वारा विकसित द्वारका उप-नगर सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), सूचना प्रौद्योगिकी समर्थित सेवाएं (आईटीईएस) और डिजिटल सुविधाओं से जुड़ी कंपनियों के लिए देश-विदेश के निवेश का बड़ा केंद्र बनने जा रहा है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

डीडीए अधिकारियों ने कहा कि प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू के समन्वित प्रयासों के तहत शहर के रोहिणी और नरेला क्षेत्रों के लिए भी इसी तरह की योजनाएं चल रही हैं।

संधू ने हाल ही में डीडीए के शीर्ष अधिकारियों के साथ हुई बैठक में द्वारका के साथ-साथ रोहिणी और नरेला उप-नगरों में भी परिवर्तनकारी बदलाव लाने वाली विकासात्मक पहलों की कार्यप्रणाली पर चर्चा की।

अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने डीडीए को निर्देश दिया कि वह सभी हितधारकों के साथ परामर्श करके जल्द से जल्द उप-नगरों की भविष्य की योजनाओं और परियोजनाओं के संबंध में एक ठोस कार्य योजना तैयार करे।

उपराज्यपाल ने डीडीए को एक व्यापक और समयबद्ध योजना प्रस्तुत करने को कहा।

उन्होंने कहा कि मुख्य शहर के केंद्र से बेहतर कनेक्टिविटी, हवाई अड्डे से निकटता और विस्तारित सड़क नेटवर्क के साथ इन क्षेत्रों को मास्टर प्लान के प्रावधानों के अनुरूप डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर संयंत्र और भंडारण के केंद्र के रूप में विकसित किया जा सकता है।

भाषा शुभम सुरेश

सुरेश


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