कोझिकोड (केरल), 23 सितंबर (भाषा) लोकप्रिय फिल्म ‘सुडानी फ्रॉम नाइजीरिया’ में अपने बेहतरीन अभिनय के लिए राष्ट्रीय स्तर पर सराहना पाने वाली दिग्गज मलयालम रंगमंच कलाकार और फिल्म अभिनेत्री सावित्री श्रीधरन का बुधवार को यहां उनके निवास पर निधन हो गया। फिल्म उद्योग से जुड़े सूत्रों ने यह जानकारी दी।
श्रीधरन 85 वर्ष की थीं।
सूत्रों के मुताबिक, श्रीधरन पिछले कुछ समय से उम्र संबंधी बीमारियों से पीड़ित थीं।
उनका रंगमंच पर चार दशक लंबा करियर रहा। उन्होंने महज 16 साल की उम्र में थिएटर से अभिनय की शुरुआत की थी। करीब दो दशकों तक इस क्षेत्र में काम करने के बाद उन्होंने पेशेवर रंगमंच की ओर रुख किया।
प्रख्यात नाटककार के. टी. मोहम्मद के नाटक ‘दीपास्तंभम महाश्चर्यम’ में काम के बाद उनके थिएटर करियर में एक महत्वपूर्ण मोड़ आया। इसके बाद उन्होंने कई प्रमुख नाटक मंडलियों के साथ काम किया। रंगमंच में उनके समग्र योगदान के लिए उन्हें ‘केरल संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार’ से भी सम्मानित किया गया था।
उन्होंने अपने फिल्मी सफर की शुरुआत 1991 में ज्ञानपीठ पुरस्कार विजेता एम. टी. वासुदेवन नायर के निर्देशन में बनी फिल्म ‘कदावु’ से की थी।
एक लंबे अंतराल के बाद, उन्होंने 2018 में फिल्म ‘सुडानी फ्रॉम नाइजीरिया’ से बड़े पर्दे पर वापसी की, जहां उनके अभिनय की व्यापक रूप से प्रशंसा हुई। इस फिल्म में शानदार भूमिका के लिए उन्हें 2019 में सर्वश्रेष्ठ चरित्र अभिनेत्री के ‘केरल राज्य फिल्म पुरस्कार’ से नवाजा गया और ‘राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार’ में उनका विशेष उल्लेख हुआ।
भाषा मनीषा गोला
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