एनएचएआई ओडिशा के ‘मधुमक्खी गलियारे’ के माध्यम से जैव विविधता को बढ़ावा देगा

एनएचएआई ओडिशा के 'मधुमक्खी गलियारे' के माध्यम से जैव विविधता को बढ़ावा देगा

एनएचएआई ओडिशा के ‘मधुमक्खी गलियारे’ के माध्यम से जैव विविधता को बढ़ावा देगा
Modified Date: May 20, 2026 / 01:09 am IST
Published Date: May 20, 2026 1:09 am IST

भुवनेश्वर, 19 मई (भाषा) राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने जून में मानसून के मौसम की शुरुआत के साथ ओडिशा की पहली ‘मधुमक्खी गलियारा’ परियोजना शुरू करने का निर्णय लिया है। एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गई है।

इस पहल के तहत संबलपुर, गंजाम और ढेंकनाल जिलों से गुजरने वाले राजमार्गों के किनारे लगभग 20,000 पौधे लगाए जाएंगे।

इस परियोजना के तहत नीम, करंज, अर्जुन, कदंब, जामुन, इमली और कंचन के पौधे लगाए जाएंगे, जिससे सालभर हरा-भरा रहने वाला एक सतत हरित गलियारा विकसित किया जाएगा।

एक अधिकारी ने कहा, “ये पौधे मधुमक्खियों और परागण का छिड़काव करने वाले अन्य जीवों के लिए बेहतर वातावरण तैयार करने में मदद करेंगे।”

उन्होंने बताया कि यह पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार राजमार्ग विकास और मधुमक्खी-अनुकूल वनस्पतियों की पट्टी विकसित करने के लिए एनएचएआई के प्रयासों का हिस्सा है।

अधिकारी ने कहा कि ‘मधुमक्खी गलियारे’ का मुख्य उद्देश्य जैव विविधता को बढ़ावा देना, मधुमक्खियों के संरक्षण में सहयोग करना और राजमार्गों की सुंदरता बढ़ाना है।

उन्होंने कहा कि यह पौधारोपण अभियान प्रदूषण कम करने और राजमार्गों को अधिक हरित एवं पर्यावरण अनुकूल बनाने में भी मदद करेगा।

भाषा

राखी पारुल

पारुल


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