भुवनेश्वर, 23 सितंबर (भाषा) ओडिशा विधानसभा में बुधवार को स्कूल की पाठ्यपुस्तकों में त्रुटियों को लेकर स्कूल एवं जनशिक्षा मंत्री नित्यानंद गोंड के इस्तीफे की मांग करते हुए विपक्षी विधायकों ने हंगामा किया, जिसके कारण सदन की कार्यवाही शाम चार बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
बुधवार को मानसून सत्र के दूसरे दिन सुबह 10.30 बजे जैसे ही सदन की कार्यवाही प्रश्नकाल के लिए शुरू हुई, बीजू जनता दल (बीजद) और कांग्रेस के सदस्य हाथों में तख्तियां लेकर आसन के समक्ष आ गए और विरोध जताने लगे। वे मंत्री के इस्तीफे और नए खनन कानून को रद्द करने की मांग कर रहे थे।
बीजद सदस्यों ने पाठ्यपुस्तकों में त्रुटियों का मुद्दा उठाया, जबकि कांग्रेस विधायकों ने एमएमडीआर अधिनियम को रद्द करने की मांग की।
प्रदर्शन कर रहे सदस्यों में से कुछ रिपोर्टर की मेज पर खड़े हो गए, जबकि दूसरे समूह के सदस्यों ने विधानसभा अध्यक्ष के आसन पर चढ़ने की कोशिश की।
विपक्षी सदस्य सदन के बीचोंबीच सरकार विरोधी नारे लगाते रहे, जबकि सत्तापक्ष के सदस्य अपनी सीटों पर चुपचाप बैठे रहे।
जब कार्यवाही का संचालन कर रहे विधानसभा उपाध्यक्ष भवानी शंकर भोई ने विपक्षी सदस्यों के सवालों का जवाब देने के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री के. सी. पात्रा को अनुमति दी, तो हंगामा और तेज हो गया।
प्रदर्शन कर रहे सदस्यों से अपनी सीटों पर लौटने की भोई की अपील का कोई असर नहीं हुआ। इसके बाद उपाध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही शुरू होने के पांच मिनट के भीतर ही शाम चार बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद बीजद विधायक महात्मा गांधी मार्ग पर पार्टी के युवा और छात्र संगठनों के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए रवाना हो गए। ये संगठन गोंड के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
भाषा तान्या मनीषा
मनीषा