भवानीपुर के नतीजों पर याचिका: अदालत ने शुभेंदु को लिखित बयान दाखिल करने के लिए दिया और समय
भवानीपुर के नतीजों पर याचिका: अदालत ने शुभेंदु को लिखित बयान दाखिल करने के लिए दिया और समय
(फाइल फोटो के साथ)
कोलकाता, 29 सितंबर (भाषा) कलकत्ता उच्च न्यायालय ने भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र से पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की जीत को चुनौती देने वाली ममता बनर्जी की चुनाव याचिका पर उन्हें लिखित बयान दाखिल करने के लिए मंगलवार को एक अक्टूबर तक का और समय दिया।
पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने जून में चुनाव याचिका दायर की, जिसमें भ्रष्ट तरीकों, मतदाता सूची से अवैध रूप से मतदाताओं के नाम हटाने और मतगणना प्रक्रिया में गड़बड़ियों का आरोप लगाया गया।
न्यायमूर्ति गौरंग कांत ने शुभेंदु अधिकारी को लिखित बयान दाखिल करने के लिए एक अक्टूबर तक का समय बढ़ा दिया।
भवानीपुर सीट से 15,000 से अधिक मतों के अंतर से विजयी घोषित शुभेंदु ने बनर्जी की चुनाव याचिका में लिखित बयान दाखिल करने के लिए तीन दिन का समय मांगते हुए अर्जी दी थी।
शुभेंदु अधिकारी के वकील ने अदालत के समक्ष कहा कि चुनाव याचिका की प्रति तीन जुलाई को प्राप्त हुई थी।
लिखित बयान दाखिल करने की शुरुआती अवधि अगस्त के पहले सप्ताह में समाप्त होने के बाद न्यायमूर्ति कांत ने चार अगस्त को बयान दाखिल करने के लिए चार सप्ताह का और समय दिया था, जिसकी अवधि एक सितंबर को समाप्त हो गई।
अदालत ने इसका संज्ञान लिया कि तय समय के भीतर लिखित बयान दाखिल नहीं किया जा सका। शुभेंदु अधिकारी के वकील ने बताया कि यह देरी उन बैठकों की वजह से हुई जो आवेदक के प्रतिनिधियों के साथ करनी जरूरी थीं।
अदालत ने कहा कि वह इस बात से संतुष्ट है कि शुभेंदु अधिकारी ने पहले दिए गए समय के भीतर लिखित बयान दाखिल न करने के लिए पर्याप्त कारण बताए हैं।
अदालत ने 23 जून को निर्वाचन आयोग को भवानीपुर निर्वाचन क्षेत्र के लिए हुए मतदान में इस्तेमाल की गई इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) और वीवीपैट मशीन तथा भवानीपुर स्थित सखावत मेमोरियल स्कूल के मतगणना केंद्र की सीसीटीवी फुटेज को सुरक्षित रखने और अपने कब्जे में रखने का आदेश दिया था।
भाषा आशीष राजकुमार
राजकुमार

Facebook


