कटक, 12 फरवरी (भाषा) उड़ीसा उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार को पुरी स्थित जगन्नाथ मंदिर के रत्न भंडार (खजाने) में काफी समय से लंबित मूल्यवान वस्तुओं की सूची तैयार करने का कार्य तीन महीने के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया है।
अदालत ने यह भी निर्देश दिया कि रत्न भंडार की गुम हुई चाबियों के संबंध में न्यायिक जांच रिपोर्ट को अगले सत्र में राज्य विधानसभा में पेश किया जाए।
मुख्य न्यायाधीश हरीश टंडन और न्यायमूर्ति एम एस रमण की खंडपीठ ने रत्न भंडार की सूची बनाने, मरम्मत और रखरखाव से संबंधित एक जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए हाल में ये निर्देश जारी किए।
भंडार में भगवान जगन्नाथ के आभूषण, कीमती पत्थर और अन्य मूल्यवान वस्तुएं रखी जाती हैं।
पुरी स्थित जगन्नाथ मंदिर के अधिकारियों ने 17 जनवरी को फैसला किया कि लगभग पांच दशकों के बाद पुनर्निर्मित रत्न भंडार में रखे गए आभूषणों और कीमती वस्तुओं की सूची तैयार करने का काम ‘किसी शुभ दिन’ शुरू किया जाएगा।
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नोमान पवनेश
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