रास : आवारा पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं, फसलों के नुकसान पर भाजपा सदस्य ने जताई चिंता
रास : आवारा पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं, फसलों के नुकसान पर भाजपा सदस्य ने जताई चिंता
नयी दिल्ली, छह फरवरी (भाषा) आवारा पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं और फसलों के नुकसान पर चिंता जताते हुए राज्यसभा में शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी के एक सदस्य ने सरकार से
भाजपा के मिथिलेश कुमार ने शून्यकाल में यह मुद्दा उठाते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश एक कृषि प्रधान राज्य है जहां आवारा पशुओं के कारण राजमार्गों पर और सड़कों पर आए दिन हादसे होते हैं। उन्होंने कहा कि आवारा पशु खेतों में लगी फसल खा जाते हैं और किसानों को नुकसान होता है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में यह समस्या बड़ी चुनौती बनी हुई है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने गोसंरक्षण एवं गोकल्याण के लिए अनेक सराहनीय प्रयास किए हैं। इसके तहत गौ आश्रय स्थल बनाए गए हैं और इनके लिए धनराशि दी जा रही है। इसके बावजूद जमीनी स्तर पर इस समस्या का पूर्ण समाधान नहीं हो पाया है।
कुमार ने कहा कि गोवंशों का गोबर खाद बनाने में उपयोगी होता है जबकि फिलहाल वह गोबर सड़क पर इधर-उधर बिखर जाता है।
उन्होंने दावा किया कि समय पर वेतन न मिल पाने के कारण गौपालक काम छोड़ कर चले जाते हैं।
कुमार ने मांग की कि गौपालकों की स्थायी नियुक्ति की व्यवस्था की जाए ताकि आवारा पशुओं की समस्या हल हो सके।
शून्यकाल में ही भाजपा सुभाष बराला, संगीता यादव, महाराजा संजाओबा लेशंबा, दोरजी त्सेरिंग लेप्चा, समाजवादी पार्टी के रामजी लाल सुमन, निर्दलीय सदस्य अजीत कुमार भुयान और वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के सुभाषचंद्र बोस पिल्ली ने भी अपने अपने मुद्दे उठाए।
भाषा मनीषा माधव
माधव

Facebook


