Raghav Chaddha on Misleading Advertising: अब ‘झूठे और भ्रामक विज्ञापन’ सांसद राघव चड्ढा के निशाने पर.. कहा ‘जूस नहीं, शक्कर घोलकर पिला रही कंपनिया’..

Raghav Chadha in Parliamanet: राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने झूठे जूस विज्ञापनों पर सवाल उठाए, उपभोक्ताओं को चीनी घोल से सतर्क किया।

Raghav Chaddha on Misleading Advertising: अब ‘झूठे और भ्रामक विज्ञापन’ सांसद राघव चड्ढा के निशाने पर.. कहा ‘जूस नहीं, शक्कर घोलकर पिला रही कंपनिया’..

Raghav Chadha in Parliamanet || Image- ANI News File

Modified Date: March 24, 2026 / 03:27 pm IST
Published Date: March 24, 2026 3:26 pm IST
HIGHLIGHTS
  • राघव चड्ढा ने संसद में सवाल उठाया
  • जूस कंपनियों के झूठे विज्ञापन निशाने पर
  • उपभोक्ताओं को चीनी घोल के प्रति सतर्क किया

नई दिल्ली: देश की सबसे बड़ी पंचायत यानी संसद में अक्सर जनहित और आम लोगों के मुद्दों अपर सवाल पूछने वाले आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के निशाने पर इस बार बड़ी कंपनियों के ‘झूठे और भ्रामक विज्ञापन’ है। (Raghav Chadha in Parliamanet) राघव चड्ढा ने इसे पहले मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनियों के द्वारा इंटरनेट डाटा और उनकी वैधता पर सवाल पूछे थे।

‘गुमराह करने वाली ब्रांडिंग’ और ‘झूठे विज्ञापन’

आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान जूस कंपनियों को लेकर सवाल पूछे। उन्होंने कहा, “भारत का उपभोक्ता बाज़ार एक बड़ी बीमारी से जूझ रहा है, जिसे ‘गुमराह करने वाली ब्रांडिंग’ और ‘झूठा विज्ञापन’ कहा जाता है।”

राघव ने आगे कहा, “जब हम फलों के जूस की कोई बोतल खरीदते हैं, तो उसके सामने ताज़े फलों के जूस की एक बड़ी और रसीली तस्वीर बनी होती है। लेकिन पैकेजिंग के पीछे छोटे अक्षरों में लिखा होता है कि वह तस्वीर सिर्फ़ मार्केटिंग के मकसद से लगाई गई है और हमारे देश के उपभोक्ता, खासकर देश के युवा, इन ड्रिंक्स को यह सोचकर पीते हैं कि ये सेहतमंद और पौष्टिक हैं, (Raghav Chadha in Parliamanet) लेकिन उन्हें यह नहीं पता होता कि वे असल में चीनी का घोल पी रहे हैं, जिससे उन्हें डायबिटीज़, मोटापा और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियाँ हो सकती हैं।”

पहले उठाया था गिग वर्कर्स का मुद्दा

गौरतलब है कि, पिछले दिनों राघव चड्ढा ने गिग वर्कर्स के मुद्दों पर भी सवाल पूछे थे और फिर इस पर सरकार को बड़ा फैसला लेना पड़ा था। राघव चड्ढा ने सामानों के 10 मिनट डिलीवरी सेवा पर सवाल उठाये थे।

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