रीजीजू ने संसद में गतिरोध खत्म करने के लिए राहुल का सहयोग मांगा, परिसीमन पर भी हुई चर्चा
रीजीजू ने संसद में गतिरोध खत्म करने के लिए राहुल का सहयोग मांगा, परिसीमन पर भी हुई चर्चा
नयी दिल्ली, पांच अगस्त (भाषा) संसद में जारी गतिरोध समाप्त करने के प्रयास के तहत संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने बुधवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से मुलाकात कर मानसून सत्र की शेष अवधि के दौरान सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग मांगा।
सूत्रों ने बताया कि इस दौरान परिसीमन और महिला आरक्षण से संबंधित विधेयकों को फिर से पेश किए जाने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई, लेकिन कांग्रेस नेता की ओर से कोई आश्वासन नहीं मिला।
कुछ राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि स्वतंत्रता दिवस के बाद, संसद का एक विशेष सत्र बुलाकर पिछले सत्र में पारित नहीं हो सके परिसीमन विधेयक और नारी शक्ति वंदन (संशोधन) विधेयक को दोबारा पेश किया जा सकता है।
वहीं, सूत्रों का कहना है कि अभी विशेष सत्र बुलाने पर विचार करने का कोई औचित्य नहीं है, क्योंकि मौजूदा मानसून सत्र समाप्त होने में अभी एक सप्ताह का समय शेष है और इसका समापन 13 अगस्त को होना है।
सूत्रों ने बताया कि करीब 50 मिनट तक चली इस बैठक में रीजीजू ने न तो मौजूदा सत्र की अवधि बढ़ाने का कोई प्रस्ताव रखा और न ही विशेष सत्र बुलाने का मुद्दा उठाया। हालांकि, उन्होंने कांग्रेस नेता से परिसीमन के मुद्दे पर विपक्ष के रुख के बारे में जानकारी ली।
रीजीजू संसद भवन परिसर स्थित राहुल गांधी के कार्यालय पहुंचे थे, जहां हुई बैठक में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाद्रा भी मौजूद थीं। बाद में कांग्रेस के लोकसभा में उपनेता गौरव गोगोई और पार्टी के महासचिव के. सी. वेणुगोपाल भी बैठक में शामिल हुए।
सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी ने रीजीजू से बातचीत में सरकार को अपने इस रुख से अवगत कराया कि कांग्रेस राम मंदिर से कथित चढ़ावा चोरी पर चर्चा और प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई पर गृह मंत्री अमित शाह के जवाब की मांग से पीछे नहीं हटेगी।
सूत्रों ने बताया कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि 13 अगस्त को सत्र समाप्त होने से पहले परिसीमन विधेयक इसी सत्र में पेश किया जाएगा या नहीं। हालांकि, गृह मंत्री अमित शाह विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा और उसे पारित कराने के दौरान सदन में बोल सकते हैं।
विपक्ष सदन की कार्यवाही के दौरान अमित शाह की अनुपस्थिति का लगातार मुद्दा उठाता रहा है।
पिछले 10 दिनों में रीजीजू और राहुल गांधी के बीच यह दूसरी मुलाकात है। इससे पहले मंगलवार रात संसदीय कार्य मंत्री ने राहुल गांधी से टेलीफोन पर भी बातचीत की थी।
सूत्रों ने बताया कि रीजीजू समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव सहित अन्य विपक्षी नेताओं से भी मुलाकात करने की योजना बना रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, सरकार का मानना है कि यदि संविधान संशोधन विधेयक पारित कराने के लिए आवश्यक दो-तिहाई बहुमत जुटाने के लिए विभिन्न दल सहमत हो जाते हैं तो नए परिसीमन विधेयक को तैयार करने में अधिक समय नहीं लगेगा। बजट सत्र के दौरान सरकार के पिछले प्रयास में इस विधेयक को पारित कराने के लिए आवश्यक संख्या बल नहीं जुट पाया था।
राहुल गांधी के साथ रीजीजू की यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब संसद के मानसून सत्र में अयोध्या स्थित राम मंदिर से कथित चढ़ावा चोरी और छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई के मुद्दों को लेकर लगातार गतिरोध की स्थिति बनी हुई है।
मानसून सत्र शुरू होने के बाद से लोकसभा में अब तक एक भी दिन प्रश्नकाल नहीं हो सका है। हंगामे के बीच पांच विधेयक बिना चर्चा के पारित किए जा चुके हैं।
विपक्षी दलों ने शुरुआत में नीट प्रश्नपत्र लीक और राम मंदिर चढ़ावा चोरी के मुद्दे को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था। बाद में, उन्होंने नीट प्रश्नपत्र लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर सदन में चर्चा की मांग की। इस मुद्दे पर संसद में चर्चा हो चुकी है। बाद में विपक्ष ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृह मंत्री की सदन में मौजूदगी तथा इस मुद्दे पर शाह के बयान की भी मांग की।
भाषा हक हक वैभव
वैभव

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