एसएफआई का दिल्ली में ‘चलो एनटीए’ प्रदर्शन, यूजीसी-नेट गड़बड़ियों की स्वतंत्र जांच की मांग
एसएफआई का दिल्ली में ‘चलो एनटीए’ प्रदर्शन, यूजीसी-नेट गड़बड़ियों की स्वतंत्र जांच की मांग
नयी दिल्ली, छह जुलाई (भाषा) स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) के सदस्यों ने सोमवार को यूजीसी-नेट जून 2026 परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में दिल्ली स्थित राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) के कार्यालय के निकट प्रदर्शन किया। छात्र संगठन का दावा है कि इस दौरान उसके कई नेताओं को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
‘‘चलो एनटीए’’ अभियान के तहत आयोजित इस प्रदर्शन में छात्रों ने एनटीए कार्यालय तक मार्च निकालने का प्रयास किया। उनका उद्देश्य एनटीए को भंग करने और परीक्षा में कथित गड़बड़ियों की स्वतंत्र जांच की मांग वाला ज्ञापन सौंपना था।
एसएफआई ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान उसके दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सूरज एलामोन, प्रदेश संयुक्त सचिव मेहिना फातिमा, प्रदेश उपाध्यक्ष आरिफ सिद्दीकी तथा प्रदेश समिति के सदस्य साखी, अनिल और सोहन सहित कई नेताओं को हिरासत में लिया गया।
संगठन ने एक बयान में आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति देने के बजाय पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग किया और उन्हें हिरासत में ले लिया।
छात्र संगठन का कहना है कि उसकी मांगें यूजीसी-नेट जून 2026 परीक्षा में सामने आई कथित अनियमितताओं पर आधारित हैं। इनमें जालंधर के एक परीक्षा केंद्र पर तकनीकी कारणों से परीक्षा रद्द होना, विभिन्न विषयों में एक जैसे प्रश्नों की पुनरावृत्ति, वर्तनी और तथ्यात्मक त्रुटियां तथा कुछ प्रश्न कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) की सहायता से तैयार किए जाने के आरोप शामिल हैं।
एसएफआई ने दोहराया कि एनटीए को भंग किया जाए, कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र जांच कराई जाए और इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
हालांकि, दिल्ली पुलिस ने बल प्रयोग के आरोपों से इनकार किया।
एक पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘‘पुलिस केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए वहां मौजूद थी। किसी प्रकार का बर्बर बल प्रयोग नहीं किया गया।’’
एसएफआई की केंद्रीय कार्यकारिणी समिति ने एक अलग बयान में उसके दिल्ली राज्य समिति के ‘इंस्टाग्राम’ खाते को निलंबित किए जाने की भी निंदा की और इसे छात्र आंदोलन की आवाज दबाने का प्रयास बताया।
भाषा गोला दिलीप
दिलीप

Facebook


