राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण पश्चिम मानसून लौटा: आईएमडी

राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण पश्चिम मानसून लौटा: आईएमडी

राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण पश्चिम मानसून लौटा: आईएमडी
Modified Date: September 19, 2026 / 04:36 pm IST
Published Date: September 19, 2026 4:36 pm IST

नयी दिल्ली, 19 सितंबर (भाषा) दक्षिण-पश्चिम मॉनसून शनिवार को पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से लौट गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने यह जानकारी दी।

विभाग ने कहा है कि अगले तीन-चार दिनों के दौरान राजस्थान के कुछ और हिस्सों तथा पंजाब, सौराष्ट्र एवं कच्छ के कुछ इलाकों से मॉनसून की वापसी के लिए हालात अनुकूल हैं।

आईएमडी ने एक बयान में कहा, ‘‘दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 19 सितंबर 2026 को पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से वापस लौट गया, जबकि इसकी सामान्य वापसी की तारीख 17 सितंबर है।’’

चार जून को केरल में दस्तक देने के बाद नौ जुलाई तक पूरे देश में मॉनसून का प्रसार हो गया था।

आईएमडी के आंकड़ों के मुताबिक चार जून से 19 सितंबर तक देश में बारिश में 15 प्रतिशत की कमी देखी गई है। फिलहाल, सबसे ज़्यादा प्रभावित इलाका दक्षिणी प्रायद्वीप है, जहां बारिश में 29 प्रतिशत की कमी है।

आईएमडी ने 31 अगस्त को जारी अपने मासिक पूर्वानुमान में बताया था कि पिछले माह भारत में 213.3 मिलीमीटर (मिमी) बारिश हुई, जो 2001 के बाद से अगस्त के लिए सातवीं सबसे कम बारिश थी।

इस मॉनसून सीजन में अब तक जुलाई ही एकमात्र ऐसा महीना रहा है जब औसत से ज़्यादा बारिश हुई है। जुलाई में औसत बारिश 280.5 मिमी होती है, जबकि इस माह देश में 283.3 मिमी बारिश दर्ज की गई।

जून में बारिश की कुल कमी 35 प्रतिशत रही। इस माह में औसत बारिश 165 मिमी होती है, लेकिन सिर्फ़ 106.8 मिमी बारिश हुई।

इस मॉनसून सत्र में बारिश की कमी की एक मुख्य वजह जून में भूमध्यरेखीय प्रशांत क्षेत्र में ‘अल-नीनो’ का मजबूत होना है।

‘अल नीनो’, ‘अल नीनो सदर्न ऑसिलेशन’ (ईएनएसओ) के तीन चरणों में से एक है। यह एक ऐसी मौसमी घटना है जिसमें मध्य और पूर्वी उष्णकटिबंधीय प्रशांत महासागर में समुद्र के तापमान में बदलाव होता है और साथ ही ऊपर के वायुमंडल में भी उतार-चढ़ाव आते हैं।

जहां अल नीनो के कारण धरती का तापमान बढ़ता है और भारत में बारिश कम होती है, वहीं इसके विपरीत चरण, जिसे ‘ला नीना’ कहा जाता है, आमतौर पर तापमान को कम करता है। ईएनएसओ का एक तटस्थ चरण भी होता है।

भाषा

राजकुमार धीरज

धीरज


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