असम विधानसभा के अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही से हटाए गए शब्दों का बाहर जिक्र नहीं करने को कहा

असम विधानसभा के अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही से हटाए गए शब्दों का बाहर जिक्र नहीं करने को कहा

असम विधानसभा के अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही से हटाए गए शब्दों का बाहर जिक्र नहीं करने को कहा
Modified Date: July 7, 2026 / 09:56 pm IST
Published Date: July 7, 2026 9:56 pm IST

गुवाहाटी, सात जुलाई (भाषा) असम विधानसभा के अध्यक्ष रंजीत कुमार दास ने मंगलवार को विधायकों को सदन की कार्यवाही से हटाए गए शब्दों और कार्यवाही का बाहर उल्लेख करने के खिलाफ आगाह किया। उन्होंने सदस्यों से सदन में व्यवधान न डालने और कामकाज सुचारू रूप से चलने देने का भी आग्रह किया।

बजट सत्र के दूसरे दिन प्रश्नकाल समाप्त होने के बाद सदन को संबोधित करते हुए दास ने कहा कि जिन मुद्दों का निपटारा हो चुका है, उन्हें बार-बार नहीं उठाया जाना चाहिए। यह टिप्पणी उस समय आई जब सत्ता पक्ष और विपक्षी सदस्य सदन में व्यवधान को लेकर एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे थे।

सोमवार को विपक्ष के एक विधायक ने मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा और एक अन्य विधायक के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणियां की थीं। इन टिप्पणियों को रिकॉर्ड से हटा दिया गया था, लेकिन फिर से इनका ज़िक्र किया गया। इस पर अध्यक्ष ने कहा कि इस मुद्दे पर दोबारा चर्चा करने की कोई जरूरत नहीं है।

उन्होंने कहा, ‘‘कार्यवाही से जो बातें हटा दी गई हैं, उन्हें सदन के बाहर कोई भी उद्धृत नहीं कर सकता। मीडिया भी उन्हें दोहरा नहीं सकता।’’

प्रश्नकाल के दौरान अधिक से अधिक प्रश्न उठाए जा सकें, यह सुनिश्चित करने के लिए दास ने मंत्रियों से आग्रह किया कि वे अपने उत्तर संक्षिप्त रखें।

उन्होंने सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे सदन में अनावश्यक हंगामे से बचें ताकि कामकाज बेहतर ढंग से हो सके।

भाषा आशीष पवनेश

पवनेश


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