कुड्डालोर (तमिलनाडु), आठ अप्रैल (भाषा) तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा योजना को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की टिप्पणी पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि उन्हें महिलाओं की कोई परवाह नहीं है।
प्रधानमंत्री ने कहा था कि महिलाओं के लिए स्थायी मुफ्त बस यात्रा जैसी योजनाएं मेट्रो रेल जैसी परियोजनाओं की वित्तीय व्यवहार्यता को कमजोर कर सकती हैं।
हालांकि, स्टालिन ने इसका खंडन करते हुए कहा कि यह पहल एक ‘आर्थिक क्रांति’ है जिसने महिलाओं को सशक्त बनाया है।
मुख्यमंत्री ने यह टिप्पणी मंगलवार रात यहां द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) के नेतृत्व वाले धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन के उम्मीदवारों के समर्थन में एक चुनावी अभियान को संबोधित करते हुए की।
स्टालिन ने कहा कि प्रधानमंत्री के अनुसार, द्रमुक सरकार द्वारा शुरू की गई महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा (विदियाल पयनम) से मेट्रो रेल के लाभ पर असर पड़ेगा।
द्रमुक के अध्यक्ष स्टालिन ने दावा किया, ‘ यह दिखाता है कि प्रधानमंत्री को महिलाओं की उन्नति की कोई परवाह नहीं है। अगर तमिलनाडु में राजग (राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन) सत्ता में आता है, तो वह इस योजना को रोक देगा।’
इसी के साथ उन्होंने अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) प्रमुख ई. के. पलानीस्वामी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उन्होंने तमिलनाडु के अधिकार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को ‘सौंप दिए’ हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि पलानीस्वामी ने दिवंगत मुख्यमंत्री सी एन अन्नादुरई के नाम पर बनी अन्नाद्रमुक पार्टी को ‘अमित शाह द्रमुक’ में बदल दिया है।
स्टालिन ने कहा कि राज्य में और अधिक विकास के लिए द्रमुक की सरकार बरकरार रखनी होगी।
भाषा
प्रचेता जोहेब
जोहेब