Supriya Shrinate Statement | Photo Credit: ANI
नागपुर: अयोध्या श्रीराम मंदिर में चढ़ावे चोरी (Ram Temple Donation Case) की जांच कर रही SIT ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट पेश कर दी है। जांच में चढ़ावे की गिनती, रिकॉर्ड रखने और निगरानी व्यवस्था से जुड़ी कई कमियां चिन्हित की गई हैं। जिसके बाद अब कई नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही है। इसी बीच कांग्रेस नेत्री सुप्रिया श्रीनेत का बड़ा बयान (Supriya Shrinate Statement) सामने आया है।
Ram Temple Donation Case सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि “चंपत राय और अनिल मिश्र के इस्तीफ़े मंज़ूर कर लिए गए हैं; उन्हें क्लीन चिट दे दी गई है। इसकी घोषणा ट्रस्ट (श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र) के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने की, जिन्होंने खुद माना कि उन्होंने कोई गलत काम नहीं किया। इससे राम मंदिर के प्रति इन लोगों की गंभीरता का पता चलता है। सबसे बड़ी बात यह है कि इसमें RSS की पूरी भूमिका है। चंपत राय या अनिल मिश्र को किस आधार पर क्लीन चिट दी गई है? बड़ी बात यह है कि कृष्ण मोहन, जिन्हें अभी-अभी महासचिव बनाया गया है, उनकी अपनी भूमिका भी संदिग्ध है ट्रस्ट को भंग कर दिया जाना चाहिए; इसकी कोई विश्वसनीयता नहीं बची है।”
#WATCH | Nagpur | Congress leader Supriya Shrinate says, “Champat Rai and Anil Mishra’s resignations have been accepted; they have been given a clean chit, which was announced by the Trust’s (Shri Ram Janmbhoomi Teerth Kshetra) treasurer, Swami Govind Dev Giri, who himself admits… pic.twitter.com/hqCG96wEXP
— ANI (@ANI) July 7, 2026
आपको बता दें कि चंदा चोरी को लेकर कल श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अयोध्या में राम मंदिर परिसर में एक बड़ी बैठक हुई। इस बैठक में बैठक करीब तीन घंटे तक चली। बैठक के बाद कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस (Govind Dev Giri Press Conference) कर फैसलों की जानकारी दी है।
बैठक के बाद कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी ने बताया कि चंपत राय और अनिल मिश्रा की श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से छुट्टी हो गई है। कोषाध्यक्ष गोविंद देव ने बताया कि ट्रस्ट की बैठक में दोनों का त्यागपत्र मंजूर कर लिया है। चंपत राय की जगह ट्रस्ट के सदस्य कृष्ण मोहन अंतरिम महासचिव होंगे।