किश्तवाड़ में नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म और उसकी मौत के विरोध में बंद

किश्तवाड़ में नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म और उसकी मौत के विरोध में बंद

किश्तवाड़ में नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म और उसकी मौत के विरोध में बंद
Modified Date: August 27, 2026 / 05:17 pm IST
Published Date: August 27, 2026 5:17 pm IST

जम्मू, 27 अगस्त (भाषा) जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में 15 वर्षीय आदिवासी लड़की से कथित दुष्कर्म और उसकी मौत के मामले को लेकर मजलिस-ए-शूरा और सनातन धर्म सभा के संयुक्त आह्वान पर बृहस्पतिवार को जिले में पूर्ण बंद रहा।

अधिकारियों ने बताया कि जिले में दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे जबकि सार्वजनिक परिवहन भी प्रभावित हुआ।

उन्होंने बताया कि शांति बनाए रखने और स्थिति सामान्य रखने के लिए खासतौर पर किश्तवाड़ और चतरू कस्बों में बड़ी संख्या में सुरक्षाबलों और पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया।

लड़की की मौत को लेकर लोगों में बढ़ते आक्रोश के बीच प्रदर्शनकारियों ने न्याय, बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए कड़े कदम उठाने तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।

अधिकारियों के अनुसार, लड़की के स्कूल में कार्यरत एक शिक्षक ने कई महीनों तक उसका कथित तौर पर बार-बार यौन शोषण किया, जिसके परिणामस्वरूप वह गर्भवती हो गई। उन्होंने बताया कि बाद में चतरू इलाके में कथित तौर पर गर्भपात कराने के प्रयास के बाद उसकी मौत हो गई।

पुलिस ने 20 अगस्त को सरकारी शिक्षक खालिद अहमद शेख और उसके भाई को गिरफ्तार किया था। शेख, इंदरवाल के बुमलपोरा स्थित मिडिल स्कूल में ग्रेड-दो शिक्षक और प्रभारी प्रधानाध्यापक था। पुलिस ने अब तक इस मामले में कुल पांच लोगों को हिरासत में लिया है।

मामले में दुष्कर्म और गर्भपात के कारण मौत समेत अन्य अपराधों से संबंधित भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धाराओं के अलावा यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।

मामले की गहन, वैज्ञानिक और समयबद्ध जांच के लिए किश्तवाड़ के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रदीप सिंह के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया है।

भाषा

शुभम नरेश

नरेश


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