राजस्थान में किशोर को थाने में बुरी तरह पीटा गया, चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज

राजस्थान में किशोर को थाने में बुरी तरह पीटा गया, चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज

राजस्थान में किशोर को थाने में बुरी तरह पीटा गया, चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज
Modified Date: April 27, 2026 / 06:08 pm IST
Published Date: April 27, 2026 6:08 pm IST

जयपुर, 27 अप्रैल (भाषा) राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले के भिवाड़ी शहर में नाबालिग दलित लड़के को थाने में कथित तौर पर बुरी तरह से पीटने के मामले में थानाधिकारी (एचएचओ) समेत चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

जिला पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने बताया कि थानाधिकारी समेत चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ कानून की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।

उन्होंने बताया कि लड़के की पहचान लोकेश (लगभग 16 साल) के रूप में हुई है। आरोप है कि चोरी के एक मामले में हिरासत में लिए जाने के बाद उसके साथ बुरी तरह से मारपीट की गई। पुलिस ने बताया कि घटना से जुड़े सीसीटीवी फुटेज में उसे देखा गया था।

अधिकारियों के अनुसार लड़का फिलहाल अस्पताल में उपचाराधीन है। पुलिस अधीक्षक ने बताया, ‘उसकी हालत स्थिर है और फेफड़ों में संक्रमण (लंग इन्फेक्शन) का इलाज चल रहा है।’

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस मामले में कहा कि भिवाड़ी में दलित नाबालिग बालक के साथ पुलिस की बर्बरता अत्यंत अमानवीय है और भाजपा सरकार की दलित विरोधी मानसिकता को दर्शाती है।

गहलोत ने कहा, ‘‘यह निंदनीय है कि पुलिस ने परिजनों की प्राथमिकी तक दर्ज नहीं की। नेता प्रतिपक्ष श्री टीकाराम जूली ने पुलिस महानिदेशक से बात की, इसके बाद प्राथमिकी दर्ज की गयी। ऐसे में न्याय की आशा कैसे की जा सकती है। यह एक गंभीर प्रश्न है।’’

कांग्रेस नेता ने कहा, ‘वर्तमान में राजस्थान की स्थिति ऐसी हो गई है जहां दलित और महिलायें न्याय के लिए दर-दर भटक रहे हैं। मुख्यमंत्री को अविलंब इस प्रकरण में हस्तक्षेप करना चाहिए एवं दोषियों के विरुद्ध ऐसी कठोर कार्रवाई हो जो एक मिसाल कायम करे। साथ ही, अनिवार्य प्राथमिकी की व्यवस्था को पूरी तरह लागू किया जाए।’

नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा कि भिवाड़ी पुलिस द्वारा झिवाना निवासी नाबालिग दलित बालक लोकेश के साथ की गई बर्बर मारपीट की घटना न केवल निंदनीय है, बल्कि यह कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।

उन्होंने कहा,’भाजपा राज में आए दिन गरीबों, दलितों और आदिवासियों पर बढ़ते अत्याचार भयावह रूप ले चुके हैं।’

जूली के अनुसार, ‘लोकेश को पुलिस ने जिस निर्दयता से पीटा है, वह अस्पताल के आईसीयू में जिंदगी और मौत से जूझ रहा है। उससे भी अधिक शर्मनाक यह है कि पीड़ित परिवार पर लगातार दबाव बनाया जा रहा है और उनकी रिपोर्ट तक दर्ज नहीं की जा रही। मुख्यमंत्री जी, क्या प्रदेश में यही न्याय व्यवस्था है ? जब रक्षक ही भक्षक बन जाएं, तो आमजन जाए तो जाए कहां?’

उन्होंने कहा, ‘यह लोकतंत्र नहीं, बल्कि तानाशाही की पराकाष्ठा है। मुख्यमंत्री जी, इस अमानवीय घटना में त्वरित संज्ञान लेते हुए दोषियों पर कठोरतम कार्रवाई की जाए।’

भाषा पृथ्वी रंजन

रंजन


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