तेलंगाना : अदालत ने महिला आईएएस अधिकारी के मानहानि मामले में गिरफ्तार दो पत्रकारों को जमानत दी

तेलंगाना : अदालत ने महिला आईएएस अधिकारी के मानहानि मामले में गिरफ्तार दो पत्रकारों को जमानत दी

तेलंगाना : अदालत ने महिला आईएएस अधिकारी के मानहानि मामले में गिरफ्तार दो पत्रकारों को जमानत दी
Modified Date: January 15, 2026 / 11:15 am IST
Published Date: January 15, 2026 11:15 am IST

हैदराबाद, 15 जनवरी (भाषा) हैदराबाद की एक अदालत ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) की एक महिला अधिकारी के खिलाफ कथित तौर पर मानहानिकारक सामग्री प्रसारित करने से संबंधित दर्ज एक मामले में एक तेलुगु टीवी समाचार चैनल के गिरफ्तार किए गए दो पत्रकारों को जमानत दे दी है।

जानकारी के मुताबिक, कुछ तेलुगु समाचार चैनलों के खिलाफ एक अधिकारी पर आरोपों को प्रसारित करने संबंधी दर्ज एक मामले में इन पत्रकारों को बुधवार को गिरफ्तार किया गया था।

इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों से पूछताछ के बाद संबंधित सामग्री जब्त की और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने के लिए न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया।

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पत्रकारों का प्रतिनिधित्व कर रहे वकीलों ने मीडियाकर्मियों को बताया कि दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद, अदालत ने बृहस्पतिवार तड़के पुलिस की रिमांड याचिका खारिज कर दी और दोनों पत्रकारों को 20,000-20,000 रुपये के दो दो मुचलके जमा करने पर उन्हें जमानत दे दी।

इसके साथ ही अदालत ने आरोपियों को अपने पासपोर्ट भी जमा करने के निर्देश दिए हैं।

इस मामले में तेलंगाना के आईएएस अधिकारी संघ की शिकायत के बाद 10 जनवरी को सेंट्रल क्राइम स्टेशन (सीसीएस) में भारतीय न्याय संहिता, आईटी अधिनियम और महिलाओं का आपत्तिजनक चित्रण (रोकथाम) कानून 1986 की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। संघ ने कुछ चैनलों पर महिला अधिकारी के खिलाफ ‘झूठी, मनगढ़ंत और निराधार सामग्री प्रकाशित और प्रसारित करने’ का आरोप लगाया था।

इसके बाद मामले की जांच के लिए आठ अधिकारियों वाले एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का भी गठन किया गया था।

हैदराबाद के पुलिस आयुक्त वी. सी. सज्जनार ने बताया कि जांच के दौरान मिली जानकारी के आधार पर, पुलिस टीम ने 14 जनवरी को एक वरिष्ठ पत्रकार और एक इनपुट एडिटर को गिरफ्तार किया था।

आयुक्त के अनुसार, इनपुट एडिटर को उस समय हिरासत में लिया गया जब वह बैंकाक जाने की कोशिश कर रहा था। उन्होंने बताया कि राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के आव्रजन अधिकारियों ने इनपुट एडिटर को रोका और उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया।

दोनों पत्रकारों की गिरफ्तारी को लेकर भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने तेलंगाना की कांग्रेस सरकार की कड़ी आलोचना की और दोनों पत्रकारों की तत्काल रिहाई की मांग की थी।

भाषा प्रचेता मनीषा

मनीषा


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