अस्थायी कामगार तेजी से नियमित कार्यबल के दायरे में आ रहे हैं: मांडविया

अस्थायी कामगार तेजी से नियमित कार्यबल के दायरे में आ रहे हैं: मांडविया

अस्थायी कामगार तेजी से नियमित कार्यबल के दायरे में आ रहे हैं: मांडविया
Modified Date: March 16, 2026 / 04:32 pm IST
Published Date: March 16, 2026 4:32 pm IST

नयी दिल्ली, 16 मार्च (भाषा) श्रम और रोजगार मंत्री मनसुख मांडविया ने सोमवार को कहा कि देश में अब अधिक से अधिक अस्थायी कामगार नियमित रोजगार के दायरे में आ रहे हैं और आर्थिक विकास के साथ-साथ रोजगार के मौके भी दिन-ब-दिन बढ़ रहे हैं।

उन्होंने लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान कहा, ‘‘देश में दिन-ब-दिन रोजगार बढ़ रहा है, और बेरोजगारी कम हो रही है। जब कोई अर्थव्यवस्था बढ़ती है तो रोजगार का भी सृजन होता है।’’

मांडविया ने पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए कहा कि तेजी से बढ़ रही अर्थव्यवस्था की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए आपूर्ति बढ़ानी होगी, जिससे विनिर्माण बढ़ेगा और रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे।

श्रम मंत्री ने कहा कि देश में स्व-रोजगार भी 2017-18 के 52 प्रतिशत से बढ़कर 58 प्रतिशत हो गया है।

उन्होंने कहा कि ‘पीरियोडिक लेबर फोर्स सर्वे’ के अनुसार, अस्थायी श्रमिकों की औसत आय वित्त वर्ष 2018 में 255 रुपये थी, जो अब बढ़कर 418 रुपये हो गई है।

मांडविया ने कहा, ‘‘इसके अलावा, अस्थायी मजदूर भी नियमित रोजगार से जुड़ रहे हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘देश में नियमित वेतन पाने वाले लोगों की संख्या बढ़ी है। अस्थायी श्रमिक अब नियमित कार्यबल में शामिल हो रहे हैं, और उनकी संख्या 2017-18 के 24 प्रतिशत से घटकर 19 प्रतिशत रह गई है। यह तेज आर्थिक विकास का परिणाम है।’’

भाषा वैभव सुभाष

सुभाष


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