अपने लोगों को खोने का दर्द आज भी कायम : केंद्रीय मंत्रियों ने पहलगाम हमले की बरसी पर कहा

अपने लोगों को खोने का दर्द आज भी कायम : केंद्रीय मंत्रियों ने पहलगाम हमले की बरसी पर कहा

अपने लोगों को खोने का दर्द आज भी कायम : केंद्रीय मंत्रियों ने पहलगाम हमले की बरसी पर कहा
Modified Date: April 22, 2026 / 01:17 pm IST
Published Date: April 22, 2026 1:17 pm IST

नयी दिल्ली, 22 अप्रैल (भाषा) केंद्रीय मंत्रियों ने बुधवार को पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी पर इस हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित की और आतंकवाद से निपटने के लिए भारत के दृढ़ संकल्प और इसे कतई न बर्दाश्त करने की नीति की पुष्टि की।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि देश इस क्षति पर शोक व्यक्त कर रहा है, लेकिन आतंकवाद के खिलाफ अपनी लड़ाई में दृढ़ बना हुआ है।

उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘पिछले साल आज ही के दिन पहलगाम में हुए भयावह आतंकी हमले में जान गंवाने वाले निर्दोष लोगों को हम याद करते हैं। अपने लोगों को खोने का दुख और पीड़ा आज भी हर भारतीय के दिल में कायम है।’’

गृह मंत्री ने कहा, ‘‘आतंकवाद मानवता का सबसे बड़ा दुश्मन है, जिसके खिलाफ हमें एकजुट होकर लड़ना और उसे हराना होगा। भारत आतंकवाद और उसे पनाह देने वालों को कतई बर्दाश्त न करने की अपनी नीति जारी रखेगा।’’

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि देश पहलगाम आतंकी हमले के पीड़ितों को कभी नहीं भूलेगा और उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ सरकार की कड़ी प्रतिक्रिया पर जोर दिया।

उन्होंने कहा, ’’22 अप्रैल 2025 को जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए कायराना आतंकी हमले में जान गंवाने वाले निर्दोष लोगों को याद करते हुए मैं उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। हम उनके परिजनों और परिवारों के दर्द में सहभागी हैं। हमारे राष्ट्र पर लगे उन घावों को हम कभी नहीं भूलेंगे।’’

सिंह ने कहा, ‘‘भारत ने दशकों तक सीमा पार से प्रायोजित आतंकवाद का सामना किया है, लेकिन आज हमारी प्रतिक्रिया दृढ़, निर्णायक और अडिग है। ठोस कार्रवाई के जरिए हमने दिखा दिया है कि हमारे लोगों को नुकसान पहुंचाने या हमारी एकता को बाधित करने की किसी भी कोशिश का जवाब पूरी ताकत और स्पष्टता के साथ दिया जाएगा।’’

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी हमले के पीड़ितों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि राष्ट्र आतंकवाद के खिलाफ दृढ़ता से खड़ा है और ‘‘आतंकवाद के किसी भी रूप के आगे कभी नहीं झुकेगा।’’

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि देश पीड़ित परिवारों की स्मृति और एकजुटता में साथ खड़ा है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम शोक संतप्त परिवारों के साथ एकजुटता और मजबूती से खड़े हैं। एक राष्ट्र के रूप में भारत एकजुट है – संकल्प में अटल, मनोबल में अडिग और हर प्रकार के आतंकवाद के खिलाफ दृढ़।’’

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने आतंकवाद के खिलाफ भारत के मजबूत संकल्प को दोहराया।

उन्होंने कहा, ‘‘देश के साथ मिलकर पहलगाम के जघन्य आतंकी हमले के पीड़ितों को याद करें, जो पिछले वर्ष आज ही के दिन हुआ था। भारत आतंकवाद के हर रूप का मुकाबला करने के अपने संकल्प पर दृढ़ता से कायम है।’’

वहीं, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस हमले को ‘‘आतंकवाद की मानवीय कीमत की दर्दनाक याद’’ बताया और कहा कि यह आतंकवाद के खिलाफ भारत के संकल्प में ‘‘एक निर्णायक मोड़’’ लाया।

सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री वीरेंद्र कुमार ने कहा, ‘‘देशवासी पहलगाम में अपने प्रियजनों की इस कायरतापूर्ण हत्या को कभी नहीं भूलेंगे।’’

पाकिस्तान के आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा ने पिछले वर्ष इसी दिन जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हमला किया था, जिसमें 26 लोग मारे गए थे। इनमें अधिकांश पर्यटक थे।

पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ नाम से जवाबी सैन्य अभियान चलाया था, जिसमें भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में सैन्य तथा आतंकी ढांचे को ध्वस्त किया था।

भाषा गोला वैभव

वैभव


लेखक के बारे में