कोलकाता, 18 अगस्त (भाषा) पश्चिम बंगाल के राज्यपाल आर. एन. रवि ने 1946 में कोलकाता में ‘प्रत्यक्ष कार्रवाई दिवस’ के दौरान हुई हिंसा को “भारतीय सभ्यता पर हमला” करार देते हुए मंगलवार को कहा कि इस घटना को महज दो समुदायों के बीच सांप्रदायिक संघर्ष तक सीमित करके नहीं देखा जाना चाहिए।
कलकत्ता विश्वविद्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में रवि ने कहा कि 16 से 19 अगस्त 1946 के बीच हुई हिंसा मुस्लिम लीग द्वारा अलग पाकिस्तान की मांग के समर्थन में ‘प्रत्यक्ष कार्रवाई’ का आह्वान किए जाने के बाद हुई थी।
राज्यपाल ने आरोप लगाया कि हिंदुओं को नियोजित तरीके से हिंसा का निशाना बनाया गया। उन्होंने तत्कालीन हुसैन शहीद सुहरावर्दी सरकार की भूमिका पर भी सवाल उठाए।
विभिन्न अनुमानों का हवाला देते हुए उन्होंने दावा किया कि चार दिन तक हिंसा में 10,000 से अधिक हिंदू मारे गए थे।
हालांकि, रवि की टिप्पणियों पर स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) और कलकत्ता विश्वविद्यालय शिक्षक संघ (सीयूटीए) ने सवाल उठाए।
दोनों संगठनों ने ‘प्रत्यक्ष कार्रवाई दिवस’ की हिंसा की राज्यपाल की व्याख्या और विश्वविद्यालय के मंच पर ऐसी राजनीतिक टिप्पणियों की उपयुक्तता पर आपत्ति जताई।
भाषा खारी वैभव
वैभव