बंगाल में अधिकारियों के तबादले सीईसी के शांतिपूर्ण चुनाव कराने के आश्वासन के अनुरूप : अधिकारी

बंगाल में अधिकारियों के तबादले सीईसी के शांतिपूर्ण चुनाव कराने के आश्वासन के अनुरूप : अधिकारी

बंगाल में अधिकारियों के तबादले सीईसी के शांतिपूर्ण चुनाव कराने के आश्वासन के अनुरूप : अधिकारी
Modified Date: March 16, 2026 / 06:19 pm IST
Published Date: March 16, 2026 6:19 pm IST

नयी दिल्ली, 16 मार्च (भाषा) निर्वाचन आयोग के अधिकारियों ने सोमवार को कहा कि पश्चिम बंगाल के शीर्ष प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों के तबादले मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के राज्य में हिंसा मुक्त चुनाव कराने के आश्वासन के अनुरूप है।

निर्वाचन आयोग ने राज्य के मुख्य सचिव, पुलिस प्रमुख, कोलकाता के पुलिस आयुक्त और अन्य अधिकारियों का तबादला कर उनके स्थान पर नए अधिकारियों को नियुक्त किया है।

आयोग ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि जिन अधिकारियों को हटाया गया है, उन्हें चुनाव संबंधी कोई भी कार्य नहीं दिया जाना चाहिए।

पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यीय विधानसभा के लिए मतदान दो चरणों में 23 और 29 अप्रैल को होंगे और मतगणना की तारीख चार मई तय की गई है।

एक चुनाव पदाधिकारी ने बताया कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त कुमार ने रविवार को आयोजित संवाददाता सम्मेलन में आश्वासन दिया था कि पश्चिम बंगाल में चुनाव हिंसा-मुक्त और शांतिपूर्ण होंगे। उन्होंने कहा, ‘‘उद्देश्य के अनुरूप, निर्वाचन आयोग ने पुलिस महानिदेशक और कोलकाता के पुलिस आयुक्त सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के तबादले कर उनके स्थान पर दूसरे अधिकारियों की नियुक्ति की।’’

तृणमूल कांग्रेस ने निर्वाचन आयोग द्वारा वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों के तबादले को ‘‘एक ऐसी पार्टी की घबराहट भरी प्रतिक्रिया’’ बताया, जो यह समझ चुकी है कि वह लोकतांत्रिक तरीकों से चुनाव नहीं जीत सकती। वहीं, विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा)ने इस फेरबदल को ‘स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनावों की दिशा में एक कदम’ करार दिया।

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव तारीख की घोषणा के बाद निर्वाचन आयोग ने राज्य की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती, गृह सचिव जगदीश प्रसाद मीणा, डीजीपी पीयूष पांडे और कोलकाता पुलिस आयुक्त सुप्रतिम सरकार को उनके पदों से हटा दिया।

आयोग ने इसी के साथ निर्देश दिया कि हटाए गए अधिकारियों को चुनाव संबंधी कोई भी कार्य नहीं सौंपा जाएगा। उसने कहा कि राज्य में चुनाव की तैयारियों की समीक्षा के बाद यह निर्णय लिया गया है।

भाषा धीरज दिलीप

दिलीप


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