टीवीके विधायक रिश्वत मामला: वरिष्ठ संपादक से पूछताछ, फोन जब्त

टीवीके विधायक रिश्वत मामला: वरिष्ठ संपादक से पूछताछ, फोन जब्त

टीवीके विधायक रिश्वत मामला: वरिष्ठ संपादक से पूछताछ, फोन जब्त
Modified Date: July 17, 2026 / 11:52 am IST
Published Date: July 17, 2026 11:52 am IST

चेन्नई, 17 जुलाई (भाषा) सत्तारूढ़ टीवीके के एक विधायक को कथित रूप से रिश्वत देने के मामले में पुलिस ने तमिल समाचार चैनल के एक वरिष्ठ संपादक से पूछताछ की और उनका फोन जब्त कर लिया है।

उथंगरई विधानसभा क्षेत्र से तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) के विधायक एन. इलैयाराजा ने विधानसभा अध्यक्ष के खिलाफ प्रस्तावित अविश्वास प्रस्ताव के दौरान टीवीके के खिलाफ मतदान करने के लिए उन्हें 35 करोड़ रुपये की पेशकश मिलने का दावा किया है। इस दावे की जांच के सिलसिले में वरिष्ठ समाचार संपादक विजयन से दो दिन तक पूछताछ की गई और फोरेंसिक जांच के लिए उनका मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है।

पुलिस की ओर से बृहस्पतिवार देर रात जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इलैयाराजा ने त्रिपलीकेन थाने में दर्ज कराई शिकायत में आरोप लगाया कि ‘आईपीडीएस’ नामक जनमत सर्वेक्षण संगठन चलाने वाले अरुंबक्कम निवासी यूट्यूबर थिरुनावुक्करासु ने कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर विधानसभा में अविश्वास प्रस्ताव के दौरान उन्हें टीवीके के खिलाफ मतदान करने के लिए 35 करोड़ रुपये की रिश्वत की पेशकश की। इलैयाराजा के इनकार करने पर उन्हें तथा उनके परिवार के सदस्यों को डराया-धमकाया गया।

विज्ञप्ति के अनुसार, ‘‘ जांच के दौरान जुटाए गए दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्यों से पता चला कि पुथिया थलईमुरई टेलीविजन के वरिष्ठ समाचार संपादक विजयन ने गिरफ्तार आरोपी थिरुनावुक्करासु के साथ आपत्तिजनक इलेक्ट्रॉनिक संदेशों का आदान-प्रदान किया था और कथित आपराधिक साजिश रचते समय उसके संपर्क में थे।’’

पुलिस ने इसके बाद विजयन को विधिवत समन जारी किया। समन के अनुपालन में वह 15 और 16 जुलाई को जांच अधिकारी के समक्ष पेश हुए, जहां उनसे पूछताछ की गई और उनका बयान दर्ज किया गया। उनका मोबाइल जब्त कर विस्तृत डिजिटल फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया है। साथ ही उन्हें पूछताछ के लिए आवश्यकता पड़ने पर फिर से उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है।

इस बीच, चेन्नई प्रेस क्लब ने जांच के नाम पर पत्रकार को समन जारी किए जाने की पुलिस की निंदा करते हुए कहा कि यह ‘‘अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के खिलाफ दमनात्मक कार्रवाई’’ के समान है।

प्रेस क्लब ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने और जब्त किया गया मोबाइल फोन पत्रकार को लौटाने का निर्देश देने का आग्रह किया।

बयान में कहा गया कि मुख्यमंत्री यह सुनिश्चित करें कि जांच के नाम पर पत्रकारों को धमकाया या प्रताड़ित न किया जाए।

भाषा तान्या निहारिका

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