दिल्ली में यमुना खतरे के निशान से ऊपर, लोगों को खाली कराने के प्रयास तेज

दिल्ली में यमुना खतरे के निशान से ऊपर, लोगों को खाली कराने के प्रयास तेज

दिल्ली में यमुना खतरे के निशान से ऊपर, लोगों को खाली कराने के प्रयास तेज
Modified Date: November 29, 2022 / 08:08 pm IST
Published Date: August 13, 2022 7:12 pm IST

नयी दिल्ली, 13 अगस्त (भाषा) दिल्ली में शनिवार को यमुना नदी खतरे के निशान 205.33 मीटर से ऊपर बह रही है, जिससे संवेदनशील इलाकों से लोगों को शीघ्रता से निकाला जा रहा है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी ।

बाढ़ नियंत्रण कक्ष ने कहा कि दोपहर तीन बजे जल स्तर 205.99 मीटर था, जो सुबह पांच बजे से अपरिवर्तित था। उसने कहा है कि ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में भारी बारिश के बाद नदी शुक्रवार शाम चार बजे के करीब 205.33 मीटर के खतरे के निशान को पार कर गई थी, जिसके बाद अधिकारियों को निचले इलाकों से लोगों को निकालना पड़ा।

पूर्वानुमान में कहा गया है कि जल स्तर शाम छह बजे के आसपास 206 मीटर तक पहुंच सकता है, जो शाम 7 बजे तक स्थिर रहेगा और उसके बाद कम होना शुरू हो जाएगा।

पूर्वी दिल्ली के उप मंडल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) आमोद बर्थवाल ने कहा कि नदी के करीब निचले इलाकों में रहने वाले 13,000 लोगों में से लगभग 5,000 लोगों को राष्ट्रमंडल खेल गांव, हाथी घाट और लिंक रोड पर बने तंबुओं में ले जाया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘बाकी लोग सुरक्षित हैं और ऐसा लगता है कि उन्हें अन्य स्थानों पर स्थानांतरित करने की कोई आवश्यकता नहीं है क्योंकि जल स्तर गिरने की संभावना है।

करावल नगर के एसडीएम संजय सोंधी ने कहा कि उनके जिले के निचले इलाकों से 200 लोगों को ऊंचे स्थानों पर ले जाया गया है, और गैर सरकारी संगठनों की मदद से उन्हें पीने का पानी, भोजन और अन्य आवश्यक चीजें उपलब्ध कराई गई हैं।

दिल्ली में बाढ़ की चेतावनी तब घोषित की जाती है जब हरियाणा के यमुना नगर में हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़े जाने की दर एक लाख क्यूसेक के निशान को पार कर जाती है और तब बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को वहां से निकाल लिया जाता है।

दिल्ली में यमुना बाढ़ के मैदानों और निचले इलाकों में रहने वाले लगभग 37,000 लोग बाढ़ की चपेट में माने जाते हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘बाढ़ के मैदानों के निचले इलाकों से निकाले गए लोगों को तंबुओं जैसे अस्थायी ढांचे और सुरक्षित क्षेत्रों में,जैसे स्कूलों के स्थायी भवनों में स्थानांतरित किया जा रहा है।’’

दिल्ली बाढ़ नियंत्रण कक्ष ने सुबह छह बजे हथिनीकुंड बैराज से लगभग 17,000 क्यूसेक पानी छोड़ने की सूचना दी। शनिवार को दोपहर 1 बजे 1.49 लाख क्यूसेक और बृहस्पतिवार को दोपहर 3 बजे 2.21 लाख क्यूसेक पानी था।

एक क्यूसेक 28.32 लीटर प्रति सेकेंड के बरबर होता है ।

भाषा रंजन माधव

माधव


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