MP Teacher Bharti Latest News. Image Source- IBC24
भोपाल। MP Teacher Bharti Latest News पदवृद्धि की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्कूल शिक्षा विभाग को प्रदेश में करीब 10 हजार शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) ने रिक्त पदों की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। हालांकि, इन पदों पर पहले से चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों को नियुक्ति दी जाएगी या नई भर्ती प्रक्रिया के तहत चयन किया जाएगा, इसे लेकर फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं है। बताया जा रहा है कि मार्च 2027 में सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों और हाल में पदोन्नत हुए शिक्षकों के पदों को मिलाकर करीब 10 हजार पद रिक्त होने की संभावना है। विभाग इन पदों का आकलन कर रहा है। इसके बाद भर्ती प्रक्रिया को लेकर स्थिति साफ होगी।
MP Teacher Bharti Latest News एक ओर सरकार ने नई शिक्षक भर्ती की तैयारी शुरू कर दी है, वहीं दूसरी ओर राजधानी में चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों का धरना और अनशन लगातार जारी है। वर्ग-2 और वर्ग-3 में पदवृद्धि की मांग को लेकर अभ्यर्थी पिछले नौ दिनों से धरने पर बैठे हैं। रक्षाबंधन के त्योहार पर भी कई अभ्यर्थी घर नहीं गए। गुरुवार रात अनशन पर बैठी एक महिला अभ्यर्थी की तबीयत बिगड़ने की भी जानकारी सामने आई। अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार को नई भर्ती निकालने के बजाय पहले से परीक्षा पास कर चुके चयनित अभ्यर्थियों के लिए पद बढ़ाकर नियुक्ति देनी चाहिए। उनका तर्क है कि सरकार बार-बार शिक्षक भर्ती परीक्षाएं आयोजित करती है, लेकिन पदों की संख्या पर्याप्त नहीं होती। अभ्यर्थियों के मुताबिक प्रदेश में एक लाख से ज्यादा शिक्षकों के पद खाली हैं, जबकि फिलहाल करीब 10 हजार पदों पर भर्ती की तैयारी की जा रही है।
शिक्षक भर्ती के मुद्दे पर सियासत भी तेज हो गई है। कांग्रेस प्रवक्ता अभिनव बरौलिया ने सरकार पर युवाओं से बार-बार परीक्षा शुल्क लेने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार को नई परीक्षा कराने के बजाय पहले से चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि एक तरफ नई भर्ती की घोषणा की जा रही है और दूसरी ओर चयनित अभ्यर्थी कई दिनों से धरने पर बैठे हैं। सरकार को उनकी मांग पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
भाजपा प्रवक्ता अजय सिंह यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार जल्द ही शिक्षक भर्ती प्रक्रिया शुरू करने जा रही है। इससे युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कमी दूर करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि शिक्षक पात्रता परीक्षा पास कर चुके अभ्यर्थियों की नियुक्ति को लेकर भी सरकार संवेदनशीलता से विचार कर रही है।
प्रदेश में शिक्षकों की कमी का आंकड़ा सरकार के सामने बड़ी चुनौती है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक माध्यमिक स्कूलों में 44,546 और प्राथमिक स्कूलों में 55,626 शिक्षकों के पद खाली हैं। यानी दोनों स्तरों को मिलाकर करीब एक लाख से ज्यादा पद रिक्त हैं। वहीं, चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों की संख्या भी 12 हजार से अधिक बताई जा रही है। ऐसे में सरकार की ओर से करीब 10 हजार पदों पर भर्ती की तैयारी से यह सवाल उठ रहा है कि इतने बड़े रिक्त पदों के मुकाबले सीमित संख्या में भर्ती से स्कूलों में शिक्षकों की कमी किस हद तक पूरी हो पाएगी। साथ ही पहले से चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति का क्या होगा, यह भी सरकार के अगले कदम पर निर्भर करेगा।