अमरावती, 16 जुलाई (भाषा) आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने बृहस्पतिवार को इस्कॉन द्वारा अमरावती में आयोजित भव्य जगन्नाथ रथ यात्रा में हिस्सा लिया।
पारंपरिक पोशाक पहने नायडू ने भगवान की पूजा-अर्चना की और हजारों श्रद्धालुओं के साथ सजे-धजे लकड़ी के पवित्र रथों को खींचा।
बाद में, वेंकटपालेम में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उत्सव पूरे देश में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने खुशी जताई कि अमरावती में पहली बार इसका आयोजन किया जा रहा है।
नायडू ने कहा, ‘हर कोई ओडिशा के पुरी में होने वाली जगन्नाथ रथ यात्रा में शामिल नहीं हो सकता। ऐसे में अमरावती में आयोजित इस कार्यक्रम में भाग लेना पिछले जन्मों के अच्छे कर्मों से मिला आशीर्वाद है।’
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह इस बात से प्रसन्न हैं कि इस्कॉन (इंटरनेशनल सोसाइटी फॉर कृष्णा कॉन्शसनेस) ने अमरावती में हर साल रथ यात्रा आयोजित करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि यह यात्रा अमरावती के श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर से शुरू हुई और पुरी की प्रसिद्ध रथ यात्रा की तरह ही एक आयोजन अब राज्य की राजधानी में भी शुरू हो गया है।
नायडू ने आध्यात्मिकता और जनसेवा के क्षेत्र में योगदान के लिए इस्कॉन और अक्षय पात्र फाउंडेशन की सराहना की। उन्होंने कहा कि ये संस्थाएं 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों के 25,000 से अधिक स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों में मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराती हैं।
राज्य के नगर प्रशासन मंत्री पी. नारायण और केंद्रीय मंत्री पेम्मासानी चंद्रशेखर समेत कई अन्य लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।
जगन्नाथ रथ यात्रा हिंदुओं के सबसे पूजनीय त्योहारों में से एक है। इसमें भगवान जगन्नाथ, उनके भाई भगवान बलभद्र और बहन देवी सुभद्रा की मुख्य मंदिर से गुंडिचा मंदिर तक लकड़ी के रथों में वार्षिक यात्रा निकाली जाती है।
भाषा प्रचेता नरेश
नरेश