नागपुर में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन के दौरान हंगामा

नागपुर में 'कॉकरोच जनता पार्टी' के प्रदर्शन के दौरान हंगामा

नागपुर में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन के दौरान हंगामा
Modified Date: June 16, 2026 / 08:54 pm IST
Published Date: June 16, 2026 8:54 pm IST

नागपुर, 16 जून (भाषा) कॉकरोच के मुखौटे पहने, हाथों में तख्तियां लिए और न्याय के लिए नारेबाजी करते हुए सैकड़ों युवाओं, छात्रों और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने नागपुर में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) द्वारा आयोजित एक प्रदर्शन में भाग लिया।

इस अवसर पर सीजेपी के संस्थापक और सामाजिक कार्यकर्ता अभिजीत दीपके ने युवाओं को धर्म आधारित राजनीति से दूर रहने की सलाह दी।

स्नातक स्तरीय चिकित्सा पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिये राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा-स्नातक (नीट-यूजी) की दोबारा होने वाली परीक्षा से पांच दिन पहले, प्रदर्शनकारियों ने पिछले महीने हुए नीट प्रश्न पत्र लीक के मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।

एक व्यंग्यात्मक समूह से राजनीतिक आंदोलन में तब्दील हुई सीजेपी के आह्वान पर प्रदर्शनकारी नागपुर के संविधान चौक पर एकत्र हुए थे। एक महीने पहले इस संगठन के गठन के बाद से आयोजित किए जा रहे आंदोलनों की कड़ी में यह नवीनतम प्रदर्शन था।

आंदोलनकारियों ने ‘धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त करो, अब बहुत हो चुका – जवाबदेही, पारदर्शिता, न्याय… शिक्षा मंत्री इस्तीफा दो’ जैसे संदेशों वाली तख्तियां लेकर प्रदर्शन किया और ‘इंकलाब जिंदाबाद’ के नारे लगाए।

सभा को संबोधित करते हुए दीपके ने मध्य प्रदेश की नीट अभ्यर्थी आकांक्षा चतुर्वेदी की आत्महत्या का जिक्र किया, जिसने मेडिकल प्रवेश परीक्षा में अनियमितताओं के बाद परीक्षा रद्द होने से परेशान होकर पिछले महीने नागपुर में खुदकुशी कर ली थी।

राजनीतिक संचार रणनीतिकार और सीजेपी के संस्थापक दीपके ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की कथित ‘अराजकतावादी’ वाली टिप्पणी को लेकर उन पर निशाना साधा।

दीपके ने कहा, ‘अगर नागपुर में आत्महत्या करने वाली आकांक्षा चतुर्वेदी के लिए आवाज उठाने पर वे मुझे अराजकतावादी कह रहे हैं, तो हां मैं अराजकतावादी हूं।’ सामाजिक कार्यकर्ता ने जोर देकर कहा कि चाहे जो हो जाए, वे छात्रों के साथ खड़े रहेंगे।

इस बीच, भगवा अंगवस्त्र पहने लोगों के एक समूह ने आयोजन स्थल पर सीजेपी के खिलाफ नारेबाजी की और ‘जय श्री राम’ के नारे लगाए।

नारे लगा रहे कार्यकर्ताओं की प्रदर्शनकारियों के साथ बहस हुई और उन्होंने सीजेपी समर्थकों से पूछा कि जब पहले परीक्षाओं के पेपर लीक हुए थे, तब वे सड़कों पर क्यों नहीं उतरे?

भाषा सुमित प्रशांत

प्रशांत


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