नई दिल्लीः दिल्ली की एक अदालत ने बुधवार को ओलंपिक पदक विजेता पहलवान सुशील कुमार और 17 अन्य के खिलाफ छत्रसाल स्टेडियम हत्या मामले में आरोप तय किये जिससे अब उनके मामले की सुनवाई शुरू हो जायेगी।अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश शिवाजी आनंद ने कुमार और अन्य आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता के विभिन्न धाराओं के अंतर्गत आरोप तय किये जिसमें हत्या, दंगा करने और आपराधिक साजिश संबंधित मामले शामिल हैं।
कुमार और अन्य पर कथित ‘प्रोपर्टी विवाद’ में चार मई 2021 को शहर के छत्रसाल स्टेडियम के पार्किंग क्षेत्र में पूर्व जूनियर राष्ट्रीय कुश्ती चैम्पियन सागर धनखड़ और उनके दोस्तों से कथित रूप से मारपीट का आरोप है। ‘पोस्टमॉर्टम’ रिपोर्ट के अनुसार धनखड़ की चोटों के कारण मौत हो गयी थी। दिल्ली पुलिस ने 23 मई को इस पहलवान को गिरफ्तार किया था। दो जून 2021 से वह न्यायिक हिरासत में है।
Read More : बिग बॉस के घर में हुई चोरी, लगाए ऐसे-ऐसे आरोप कि फूट-फूटकर रो पड़ी हसीना
दिल्ली पुलिस ने बीते महीने में अपने 170 पन्नों की चार्जशीट में पहलवान सुशील कुमार को सागर धनकड़ की हत्या का मुख्य ‘साजिशकर्ता’ बताया था। चार्जशीट के मुताबिक, सुशील कुमार और उसके साथियों ने रविंद्र उर्फ भिंडा और अमित उर्फ खड्ग को शालीमार बाग से अगवा किया और सागर, जयभगवान उर्फ सोनू और भगत उर्फ भगतू को मॉडल टाउन से। इन्हें छत्रसाल स्टेडियम लाकर बुरी तरह पीटा गया। सागर की 5 मई 2021 में सुश्रत ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान मौत हो गई। सुशील को ‘मुख्य साजिशकर्ता’ बताते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर जयभगवान और सागर से बदला लेने के लिए यह आपराधिक साजिश रची। कारण बताते हुए कहा कि जय भगवान ने फ्लैट में उसकी गर्लफ्रेंड की फोटो खींचे जाने के लिए अजय को गाली दी थी।
Read More : Kamalpreet Kaur Banned: भारतीय एथलीट कमलप्रीत कौर पर लगा तीन साल का बैन, डोपिंग टेस्ट में दोषी करार
ओलंपिन सुशील कुमार पहली बार साल 2017 में विवादों में आए थे। उस साल वो साल 2018 कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए क्वालीफाई कर गए थे लेकिन इसी बीच उनका मुकाबला दिल्ली में प्रवीण राणा से हुआ, मुकाबले में सुशील कुमार जीते लेकिन उसके बाद उनके और प्रवीण राणा के समर्थकों में जमकर मारपीट हुई थी। इसकी भी शिकायत पुलिस थाने में की गई लेकिन दोनों पहलवानों में झगड़ा होने की वजह से बात आई गई हो गई।